नगला बरी चौराहे के निकट हाइवे के नीचे एक साल से अधिक समय से लीकेज पाइप लाइन का मेंटीनेंस कार्य जलकल विभाग ने सुबह सात से बजे शुरू कर दिया गया। जेसीबी से हाइवे पर बड़ा गड्ढा खोदकर लीकेज पाइप लाइन को खोजा गया। हाईवे पर करीब 12 फीट नीचे दबी दो इंच की मेन पाइप लाइन में लीकेज मिला। हाईवे अर्थोरिटी के अनुमति न देने से एक साल से यह काम रूका हुआ था।
नगला बरी चौराहे के निकट हाइवे के नीचे दबी पाइप लाइन लीकेज हो गई है, जिससे हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा था। एक साल से लीकेज होने के कारण हाइवे का काफी हिस्सा नीचे धस गया है। हाइवे अथॉरिटी से अनुमति लेने के लिए नगर निगम ने कई बार पत्र भेजा, परंतु एनएचएआई अफसरों ने कोई संज्ञान नहीं लिया। एनएचएआई ने एक सप्ताह पूर्व ही इसकी अनुमति दी है। अनुमति मिलने के बाद जलकल विभाग ने शुक्रवार को सुबह से पाइप लाइन मेंटीनेंस का कार्य प्रारंभ करने की तैयारी शुरू कर ली थी, परंतु गुरुवार की शाम से बरसात होने के कारण कार्य प्रारंभ नहीं हो सका। शनिवार को सुबह से मौसम खुला देख जलकल विभाग की टीम ने सुबह सात बजे से ही कार्य प्रारंभ करने को कवायद शुरू कर दी थी।
जलकल विभाग के महाप्रबंधक जवाहर राम, अवर अभियंता पीके सिंह की मौजूदगी में टीम ने हाइवे पर गड्ढा खोदने का कार्य शुरू किया। जलकल विभाग की टीम दिनभर लीकेज लाइन को खोजने में लगी रही। नगर आयुक्त रामऔतार रमन, अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार ने भी मौके पर पहुंच कार्य तेजी से पूर्ण करने के निर्देश दिए।
एक साइड से बंद किया ट्रैफिक, नगला बरी पर रही जाम की स्थिति
हाइवे पर पाइप लाइन मेंटीनेंस कार्य के चलते हीरो होंडा एजेंसी से एक साइड का हाइवे बंद कर दिया। ट्रैफिक डायवर्जन के चलते नगला बरी चौराहे पर दिनभर जाम के हालात बने रहे। यातायात को नियंत्रित करने में ट्रैफिक पुलिस कर्मियों को खासी मशक्कत करनी पड़ी।
लीकेज बंद करने को दिल्ली से मंगाया ज्वाइंटर
हाइवे के नीचे लीकेज पाइप लाइन को ठीक करने के लिए जिस ज्वाइंटर की जरूरत थी, वह फीरोजाबाद नहीं मिला, अत: ज्वाइंटर मंगाने के लिए एक कर्मचारी को दिल्ली भेजा गया। इस संबंध में अवर अभियंता पीके सिंह ने बताया कि हाइवे के 12 फीट नीचे लीकेज पाइप लाइन पर लीकेज मिल गया है। लीकेज पाइप लाइन को बंद कराने के लिए दिल्ली से ज्वाइंट मंगाया गया है। ज्वाइंट लगाने के बाद लीकेज की समस्या पूरी तरह दूर हो जाएगी।