स्वच्छता सर्वेक्षण अभियान 2017 के लिए नई दिल्ली से क्वालिटी कंट्रोल ऑफ इंडिया की टीम आई है। सदर तहसील के निकट बने सामुदायिक शौचालय का ताला खुलवाने के लिए टीम के सदस्यों को एक घंटे तक सड़क पर खड़े होकर इंतजार करना पड़ा।
केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय की ओर से स्वच्छता सर्वेक्षण अभियान के तहत सभी नगर निकायों का सर्वे कराया जा रहा है। नई दिल्ली आई टीम के सदस्य हिमांशु चावला व सुशील कुमार गुरुवार को मोबाइल एप के जरिए चिह्नित स्थलों पर जाकर स्वच्छता की ग्रेडिंग की। सर्वप्रथम टीम के सदस्य इंडस्ट्रियल स्टेट नगला भाऊ पहुंचें, यहां पूरे इंडस्ट्रियल एरिया में कहीं डस्टबिन व सामुदायिक शौचालय नहीं मिले। यहां से टीम सदर तहसील प्राथमिक विद्यालय में बने सामुदायिक शौचालय का निरीक्षण करने पहुंची तो यहां ताला लगा मिला। सेनेटरी इंस्पेक्टर महेश कुमार व एलएन कुशवाहा के ताला खुलवाने को निगम के अधिकारी और अवर अभियंता को फोन किए। इसके बावजूद टीम के सदस्यों को एक घंटे तक ताला खुलने का इंतजार करना पड़ा। इसके बाद टीम सैलई पहुंची। सुहागनगर सब्जी मंडी, लेबर कालोनी, गांव बासठ, रामनगर, रेलवे स्टेशन, गली, बौहरान, सदर बाजार, सेंट्रल चौराहा व जलेसर रोड का निरीक्षण कर सफाई व्यवस्था देखी। टीम के सदस्य सुशील कुमार ने बताया कि दो दिन में हुए सर्वे के आधार रैकिंग तैयार होगी। फीरोजाबाद नगर निगम रैकिंग में किस स्थान पर रहा, यह 24 फरवरी को पता चल सकेगा।