-कार्यदायी संस्था जलनिगम को मुख्यालय से दो किश्तों में मिलेगी धनराशि
-करोड़ों की धनराशि मिलने के बाद परियोजना के तहत चल रहे कार्यों में आएगी तेजी
मुख्यमंत्री के ड्रीम प्रोजेक्ट जेड़ाझाल परियोजना के लिए शासन ने 92 करोड़ का बजट जारी कर दिया है। यह धनराशि कार्यदायी संस्था जलनिगम को मुख्यालय से दो किश्तों में प्राप्त होगी। करोड़ाें की धनराशि मिलने से परियोजना में तेजी आएगी।
सुहागनगरी में वर्षों से पेयजल का संकट है। करोड़ों रुपये खर्च करने के बावजूद निगम प्रशासन ठोस उपाय नहीं कर पा रहा है। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने वर्ष 2013 में सुहागनगरी की जनता को जेड़ाझाल परियोजना का तोहफा दिया था। परियोजना के अंतर्गत नंदपुर गांव में पानी संचयित करने के लिए झील बनाई जाएगी। नंदपुर से सैलई तक पाइप लाइन पड़ेगी, जहां वाटर ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित होगा। शहर में 16 ओवरहेड टैंक, 22 सीडब्लूआर का निर्माण कराने के साथ पाइप लाइन डालने का कार्य कराया जाना है। वाटर ट्रीटमेंट प्लांट, वाटर स्टोर झील निर्माण के साथ शहर में पाइप लाइन डालने का तेजी से कार्य कराया जा रहा है। सात नलकूपों की बोरिंग कार्य पूर्ण हो चुका है।
जेड़ाझाल को अब तक मिले 174 करोड़
जेड़ाझाल परियोजना के लिए कार्यदायी संस्था जलनिगम अस्थाई खंड शाखा को शासन से अब तक 174 करोड़ की धनराशि प्राप्त हो चुकी है। जलनिगम द्वारा वाटर ट्रीटमेंट प्लांट, वाटर स्टोर झील, नलकूप स्थापना, पाइप लाइन डालने, ओवरहेड और सीडब्लूआर निर्माण पर अभी तक करीब 137 करोड़ की धनराशि खर्च की जा चुकी है। जलनिगम द्वारा कुल परियोजना पर 25 प्रतिशत कार्य पूर्ण किया जा चुका है।
जेड़ाझाल परियोजना पर कार्य करने के लिए शासन द्वारा 92 करोड़ की धनराशि आवंटित की गई है। कार्य प्रभावित नहीं होने के मद्देनजर शासन द्वारा धनराशि जारी की गई है। करोड़ों की धनराशि मिलने के बाद कार्य में तेजी आएगी। प्रयास है कि योजना पर जून-17 कार्य पूर्ण कर लिया जाए।
राकेश कुमार
अधिशासी अभियंता-जलनिगम