टूंडला। घने कोहरे ने ट्रेनों की रफ्तार पर लगाम लगा दी है। मंगलवार को ट्रेनें निर्धारित समय से चलने वाली ट्रेनें दो से नौ घंटे तक देरी से चलीं। इस बीच डाउन की नार्थईस्ट एक्सप्रेस रद्द रही। कड़ाके की सर्दी के बीच ट्रेनों की लेट-लतीफी से रेलयात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
बुधवार को सुबह धूप निकलने के साथ लोको पायलटों ने ट्रेन की स्पीड की निर्धारित गति से दौड़ाया। इस बीच रेल प्रशासन ने देरी से चलने वाली डाउन की नॉर्थईस्ट एक्सप्रेस को रद्द कर दिया। ट्रेनों के लेट व रद्द होने से रेलयात्रियों को भारी मुसीबतों का सामना करना पड़ा। वे घंटों स्टेशन पर बैठकर ट्रेनों का इंतजार करते रहे। उन्होंने सड़कों पर हो रहे गंभीर हादसों को देखते हुए देर से ही सही, किंतु सुरक्षित ट्रेन से जाना ही उचित समझा।
दिल्ली की ओर देरी से चलने वाली ट्रेनें
पूर्वा एक्सप्रेस साढ़े तीन घंटे, अवध एक्सप्रेस चार घंटे, मरूधर एक्सप्रेस तीन घंटे, मगध एक्सप्रेस तीन घंटे, आनंदविहार टर्मिनल दो घंटे, गोमती एक्सप्रेस साढ़े चार घंटे, नंदनकानन एक्सप्रेस दो घंटे, शताब्दी एक्सप्रेस ढाई घंटे, ऊंचाहार एक्सप्रेस साढ़े पांच घंटे, फरक्का एक्सप्रेस तीन घंटे देरी चलीं।
कानपुर की ओर देरी से चलने वाली ट्रेनें
सूबेदारगंज सुपरफास्ट एक्सप्रेस ढाई घंटे, मगध एक्सप्रेस साढ़े सात घंटे, ऊंचाहार एक्सप्रेस साढ़े सात घंटे, फरक्का एक्सप्रेस नौ घंटे, कालिंदी एक्सप्रेस सात घंटे, ब्रह्मपुत्र मेल साढ़े सात घंटे, शताब्दी एक्सप्रेस तीन घंटे, नेताजी एक्सप्रेस तीन घंटे, मूरी एक्सप्रेस साढ़े तीन घंटे देरी से टूंडला पहुंची।