फिरोजाबाद। मक्खनपुर थाने की हवालात में बुधवार को शर्ट से फंदा लगाकर आत्महत्या का प्रयास करने वाले आरोपी वीरेंद्र की कहानी में चौंकाने वाला मोड़ आ गया है। जिस साली के उत्पीड़न के आरोप में उसे पकड़ा गया था, अब उसी साली ने पुलिस के समक्ष बयान बदलकर जान लेने के लिए विषैला पदार्थ पिलाने का संगीन आरोप लगा दिया है। इधर, इंस्पेक्टर ने बताया कि तबीयत ठीक होने के बाद पुलिस ने बृहस्पतिवार को वीरेंद्र को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत (रिमांड) में जेल भेज दिया गया है।
उत्पीड़न नहीं, ''''जहर'''' से मारने की कोशिश का आरोप
एटा के हरिकिशनपुर निवासी वीरेंद्र को बुधवार दोपहर रिश्ते के भाई एवं साढ़ू की प्राथमिकी पर हिरासत में लिया गया था। साढ़ू का आरोप था कि वीरेंद्र की प्रताड़ना से तंग आकर उसकी पत्नी ने विषाक्त पदार्थ खा लिया। लेकिन उपचार के बाद जैसे ही साली की तबीयत ठीक हुई, उसने पुलिस को दिए बयान में गंभीर बदलाव कर दिया। साली ने कहा कि बुधवार सुबह वीरेंद्र मेरे घर आया था और उसने जबरदस्ती विषैला पदार्थ पिलाकर जान लेने की कोशिश की। घटना को अंजाम देने के बाद वह मौके से फरार हो गया था। इस नए और जानलेवा आरोप के बाद पुलिस ने वीरेंद्र के खिलाफ सुसंगत धाराओं में कार्रवाई कर उसे कोर्ट में पेश किया।
हवालात के जंगले पर शर्ट से किया था आत्मघाती प्रयास
बता दें कि बुधवार को डिप्टी सीएम के प्रोटोकॉल ड्यूटी के कारण थाने में पुलिसकर्मियों की कमी थी। इसी दौरान हिरासत में बंद वीरेंद्र ने मौका पाकर हवालात में लगे जंगले पर अपनी शर्ट का फंदा बनाया और उस पर गर्दन कस ली। समय रहते पुलिसकर्मियों ने उसे अचेत अवस्था में देखा और तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस ने राहत की सांस तब ली, जब देर शाम तक वीरेंद्र की सेहत में सुधार हो गया।
रंजिश की जड़ में दिल्ली का कैब बिजनेस
इस पारिवारिक ड्रामे की जड़ें पुरानी वित्तीय रंजिश से जुड़ी हुई हैं। वीरेंद्र की पत्नी ने बताया कि पति पर शिकायत दर्ज कराने वाला व्यक्ति उसके पति का रिश्ते का भाई ही है। दोनों परिवार पहले दिल्ली में साथ रहते थे और वीरेंद्र व उसके साढ़ू साझेदारी में कैब संचालन का काम करते थे। इस धंधे में भारी घाटा होने के बाद दोनों परिवार अलग होकर अपने-अपने गांव आ गए। तभी से दोनों परिवारों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का खेल चल रहा है। वीरेंद्र की पत्नी ने बताया कि पहले उसकी बहन (शिकायतकर्ता की पत्नी) ने भी पति के खिलाफ दुष्कर्म का केस दर्ज कराने की कोशिश की थी, जिसे पुलिस ने फर्जी मानते हुए एफआर लगा दी थी।