फिरोजाबाद में नगर निगम के जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र विभाग में बीते सोमवार को एक नामित पार्षद और विभागीय कर्मचारियों के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। बात इतनी बढ़ गई कि पार्षद ने आपा खो दिया और कर्मियों को सरेआम चांटा मारने की धमकी दे डाली और और गालियां दे दीं। इस पूरी घटना का किसी ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जिसके बाद से प्रशासनिक और राजनीतिक गलियारों में खलबली मच गई है।
नामित पार्षद किसी कार्य के सिलसिले में जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र विभाग पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि संबंधित कर्मचारी का फोन स्विच ऑफ मिलने और कार्य में देरी होने पर पार्षद आक्रोशित हो गए। वायरल वीडियो में पार्षद कर्मचारियों को डांटते हुए थप्पड़ मारने की बात कहते नजर आ रहे हैं। वहीं कर्मचारी जब अपनी सफाई देने का प्रयास करते हैं, तो विवाद और अधिक बढ़ जाता है।
घटना के समय कार्यालय में लोगों और अन्य कर्मचारियों की भारी भीड़ जमा थी। वहीं मौजूद किसी व्यक्ति ने इस पूरी बहस और अभद्रता को अपने मोबाइल में कैद कर लिया और सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया। वीडियो वायरल होते ही शहर में इसकी व्यापक चर्चा शुरू हो गई है और जनप्रप्रतिनिधियों की भाषा शैली पर सवाल उठने लगे हैं। घटना के बाद से निगम के कर्मचारियों में रोष है। कर्मचारियों का कहना है कि वे नियम अनुसार अपना कार्य कर रहे थे, लेकिन जनप्रतिनिधि द्वारा इस तरह अमर्यादित भाषा का प्रयोग करना और मानसिक रूप से प्रताड़ित करना पूरी तरह से गलत है। फिलहाल इस मामले को लेकर निगम प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के बीच खींचतान बनी हुई है।
इस मामले में विभाग के बाबू का कहना है कि मैं अपने कार्यालय में कार्य कर रहा था। इसी दौरान शोर-शराबा करते हुए कुछ पार्षद आए और उन्होंने गाली-गलौजी की और धमकी दी। दूसरी ओर वीडियो में दिख रहे नामित पार्षद का कहना है कि जन्म-मृत्यु पंजीयन विभाग में एक अनजान व्यक्ति बैठा हुआ था। मेरे एक परिचित ने शिकायत की थी कि वह व्यक्ति रिश्वत लेता है। मैंने, किसी भी कर्मचारी से अभद्रता, गाली-गलौज नहीं की है।