फिरोजाबाद। पहली स्मार्ट रोड का हस्तांतरण जांच के बाद ही होगा। 33 करोड़ की लागत से इसका निर्माण कराया गया था। आईआईटी रुड़की और अर्बन रोड इनफ्रास्टक्चर डेवलपमेंट एजेंसी (यूरिडा) के अभियंता व विशेषज्ञ निर्माण की गुणवत्ता जांचेंगे। निगम ने आईआईटी रुड़की व यूरिडा को पत्र लिखा था। हस्तांतरण के अभाव में स्मार्ट रोड की दशा हो रही खराब-करीब छह माह पूर्व बन कर तैयार स्मार्ट रोड की रखरखाव के अभाव में दशा खराब हो रही है। स्मार्ट रोड के फुटपाथ पर लगे टाइल्स टूट रहे हैं। वहीं प्रकाश व्यवस्था को लगी फैंसी व स्ट्रीट लाइटें भी बंद पड़ी हैं।
सुभाष तिराहा से स्टेशन तिकोनिया तक बने स्मार्ट रोड निर्माण की गुणवत्ता जांच को थर्ड पार्टी जांच होनी है। थर्ड पाटी जांच के बाद ही स्मार्ट रोड का निगम को हस्तांतरण होना है। आईआईटी रुडकी और यूरिडा की संयुक्त स्मार्ट रोड की जांच को जल्द आएगी। - आशीष शुक्ल, एक्सईएन निर्माण