फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

धम्मम् शरणम् गच्छामि...

Sun, 23 Oct 2016 11:31 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला फीरोजाबाद
विज्ञापन
धम्म यात्रा निकालते लोग
विज्ञापन
भारतीय बौद्ध भिक्षु महासम्मेलन के दूसरे दिन रविवार को नगर में जनजागरण को धम्म यात्रा निकाली गई। अखिल भारतीय भिक्षु संघ के महासचिव भदंत प्रज्ञादीप महास्थविर के सानिध्य में निकली धम्मयात्रा में उपासक, उपासिकाओं के साथ ही करीब ढाई सौ से करीब बौद्ध भिक्षु शामिल थे। यात्रा का नगर में कई स्थानों पर स्वागत किया गया।
विज्ञापन

हिमायूंपुर स्थित अचिंतानंद बुद्ध बिहार से यह शुरू हुई। धम्म यात्रा में बुद्धम शरणम् गच्छामि..। धम्मम् शरणम् गच्छामि...। की गूंज सुनाई दे रही थी। हिमायूंपुर, सुहागनगर चौराहा, पुरुषोत्तम नगर व देवनगर रोड, गुरुद्वारा, गांधीपार्क चौराहा, वाईपास रोड होते हुए पीडी जैन कालेज में कार्यक्रम स्थल पर समाप्त हुई। भदंत बुद्धशरण महास्थिविर, अखिल भारतीय भिक्षु महासंघ के अध्यक्ष भदंत आनंद महास्थविर, भदंत ज्ञानरत्न, भिक्खुनी संघ मित्रा  मध्य प्रदेश, जापान से भदंत रविजी के साथ केपी सिंह बौद्ध, मीत्तल प्रसाद निमेष, महेशचंद्र पौना, गजेंद्र सिंह बौद्ध एडवोकेट,मीत्तल प्रसाद निमेष, रामवीर सिंह तारबाबू, वेद प्रकाश निमेष के साथ ही काफी संख्या में उपासक शामिल थे। 

समाज में सुख शांति फैलाना उद्देश्य-प्रज्ञाशील 
फीरोजाबाद(ब्यूरो)। अखिल भारतीय भिक्षु महासंघ के महा सचिव भदंत प्रज्ञाशील ने कहा आज राजनैतिक लोग धर्म का प्रयोग करके मानवतावादी समाज में खून खराबा को ही बढ़ावा दे रहे हैं। इससे मानवता आहत हुई है। सम्मेलन का उद्देश्य इस समाज में सुख एवं शांति को फैलाना है। मानवीय मूल्यों को बनाए रखने को आमजन को जागरुक किया जाएगा। उन्होंने पूर्व में निकाली गई धम्मयात्रा को राजनीति से प्रेरित बताया। 
विज्ञापन



बौद्ध धर्म ही देता है शांति का संदेश-रवि 
फीरोजाबाद (ब्यूरो)। जापान से आए भदंत रवि ने कहा कि बौद्ध धर्म हमेशा समाज को शांति का संदेश देता है। बौद्ध धर्म के जापान के साथ थाईलैंड में सबसे अधिक अनुयायी हैं। यहां से जुड़ने के बाद लोग एक दूसरे से तो नफरत नहीं करेंगे। फीरोजाबाद नगरी का बौद्ध सम्मेलन काफी यादगार साबित होगा। पहले की अपेक्षा बौद्ध धर्म मानने वालों की संख्या बढ़ी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें