क्राइम ब्रांच टीम और थाना पुलिस ने तीन बदमाशों जितेंद्र उर्फ जयंती निवासी मोहल्ला खेड़ा, भूरा उर्फ भूरी निवासी कटरा मीरा और अन्नू उर्फ बंटी निवासी शंभूनगर थाना शिकोहाबाद को बालाजी मंदिर के निकट नहर किनारे वन विभाग की नर्सरी से गिरफ्तार कर लिया। ये लोग पोस्ट ऑफिस के कैश को लूटने की योजना बना रहे थे। इनमें पांच हजार का इनामी बदमाश जयंती भी शामिल है। बदमाशों के पास से एक पिस्टल और दो तमंचे भी बरामद किए गए हैं।
एसएसपी ने पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है। एसपी संजीव वाजपेयी ने घटना का खुलासा करते हुए बताया कि गिरफ्तार आरोपी जयंती ने कुख्यात अपराधी शेरा की हत्या और फीरोजाबाद के थाना उत्तर में सराफ से लूट की वारदात भी की थी। जयंती राजस्थान के राजाखेड़ा में लूट और हत्या के प्रयास की घटना में भी शामिल रहा है। इस दौरान सीओ श्यामकांत थानाध्यक्ष देवेंद्र शंकर पांडेय और क्राइम ब्रांच प्रभारी नरेंद्र सिंह थे।
शेरा की हत्या पिता की हत्या का बदला था
शिकोहाबाद (ब्यूरो)। थाने के हिस्ट्रीशीटर और पांच हजार के इनामी बदमाश जितेंद्र उर्फ जयंती ने पूछताछ में बताया कि उसने 29-11-15 को इटौली मार्ग पर अपने साथियों के साथ मिलकर ढोलपुरा थाना लाइन पार निवासी शेर सिंह उर्फ शेरा की गोली मारकर हत्या की थी। उसने बताया कि शेरा की हत्या उसने अपने पिता नत्थीलाल की हत्या का बदला लेने के लिए की थी।
‘जयंती की गिरफ्तारी चुनौती पूर्ण कार्य था’
शिकोहाबाद (ब्यूरो)। सीओ श्यामकांत ने शेरा हत्याकांड खेालने की चुनौती स्वीकार की थी। 29 नवंबर को शेर सिंह उर्फ शेरा निवासी ढोलपुरा की हत्या इटौली मार्ग पर गोलियों से भूनकर कर दी गई थी। पुलिस को पता था कि शेरा पूर्व प्रधान पति गणेश यादव निवासी ढोलपुरा की हत्या में वांछित था। उसकी हत्या किराये के हत्यारों द्वारा की गई है। शेरा हत्याकांड में जयंती भी शामिल था। सीओ ने जयंती की गिरफ्तारी पर राहत महसूस करते हुए कहा है कि इससे अपराधों पर अंकुश लगेगा।