भूमि अधिग्रहण बिल के विरोध में कांग्रेस ने बुधवार को शक्ति प्रदर्शन किया। रेल और सड़क मार्ग जामकर नारेबाजी की। ट्रैक जाम के दौरान कांग्रेसियों की सुरक्षा कर्मियों से झड़प और धक्का-मुक्की भी हुई। इस दौरान पार्टी नेता केंद्र सरकार के खिलाफ तीखी नारेबाजी कर रहे थे। कांग्रेसियों के प्रदर्शन के चलते प्रशासन कभी रेल मार्ग तो कभी हाईवे की ओर दौड़ता नजर आया।
कांग्रेस द्वारा भूमि अधिग्रहण बिल के विरोध में रेलवे का चक्का जाम करने की घोषणा की गई थी। कांग्रेस जिलाध्यक्ष हरीशंकर तिवारी, प्रदेश सचिव महेश रावत एवं आदित्य यादव के नेतृत्व में गुरुवार को जिले भर के कांग्रेसजन रेलवे स्टेशन पहुंच गए। स्टेशन पर धरना प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस के प्रदेश महासचिव धर्म सिंह यादव एडवोकेट, हाजी सईद पटेल, हरीशंकर यादव, रामनाथ यादव, सतीशचंद्र अग्रवाल नेताजी, जहीर खाकसार, पीसीसी सदस्य प्रकाश निधि गर्ग, यूथ कांग्रेस के लोकसभा इकाई अध्यक्ष सौरभ पोरवाल, चांद कुरैशी, साजिद बेग, उमाकांत पचौरी आदि मौजूद थे। धरना प्रदर्शन के बाद बड़ी संख्या में युवा कांग्रेसी प्लेटफार्म पर पहुंच गए। धरना स्थल पर स्टेशन मास्टर को ज्ञापन देने की घोषणा की गई।
इसके बाद कांग्रेसी जैसे ही ट्रैक की ओर बढ़े, सीओ सिटी राजेश चौधरी, एसडीएम टूंडला श्रीराम यादव, थानाध्यक्ष उत्तर, दक्षिण, लाइनपार, रसूलपुर, रामगढ़ पुलिस फोर्स के साथ ट्रैक पर पहुंच गए। कांग्रेसियों ने प्लेटफार्म संख्या दो पर आ रही कालका मेल को रोक लिया। इंजन पर चढ़कर मोदी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। जीआरपी प्रभारी द्वारा इंजन से हटाए जाने के दौरान उनकी यूथ कांग्रेस के प्रकाश निधि गर्ग, सौरभ पोरवाल, साजिद बेग से झड़प हो गई। सीओ सिटी ने समझा-बुझाकर उन्हें हटाया। ट्रेन थोड़ा आगे बढ़ी तो फिर रोक लिया गया। पुलिस ने सख्ती से कांग्रेसियों को हटा दिया। इस दौरान पुलिसकर्मियों की कांग्रेस जिलाध्यक्ष हरीशंकर तिवारी एवं अन्य कांग्रेसियों से धक्का-मुक्की भी हुई। इस दौरान प्रेमशंकर शर्मा, अरविंद पालीवाल,राजेश यादव एडवोकेट, विवेक चड्डा, सुरेंद्र नागर, स्नेहलता बबली, गौरव यादव, प्रशांत तिवारी, कन्हैया तिवारी आदि शामिल थे।
उधर कांग्रेस के महानगर अध्यक्ष गुलाम जिलानी, एआईसीसी सदस्य अतुल चतुर्वेदी, हाजी नसीर अहमद, पूर्व अध्यक्ष शफात खान राजू, उजमा देवी गुप्ता कुसुम सिंह, पूर्व जिला उपाध्यक्ष संदीप तिवारी ने सुभाष तिराहे पर हाईवे जाम कर दिया। कांग्रेसी केंद्र के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सड़क पर ही बैठ गए। दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गई। जाम की सूचना मिलते ही सीओ सिटी, थानाध्यक्ष उत्तर पहुंचे और कांग्रेसियों को हटाया। अजय शर्मा, आकाश, जावेद उमर, आमिर अली, वकार अहमद के साथ अन्य कांग्रेसी शामिल थे।
इसी क्रम में यूथ कांग्रेस के सोरभ पोरवाल, मोहम्मद उमर फारुक, सेवादल के नुरुलहुदा लाला राइन,महिला कांग्रेस के कुसुम सिंह, उजमा देवी गुप्ता के नेतृत्व में रेलवे गेट पर प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका गया।
नगला गुलाल के किसान हुए शामिल
कांग्रेस के आंदोलन में शामिल होने के लिए आगरा-लखनऊ ग्रीन एक्सप्रेसवे में प्रशासन द्वारा मनमाने ढंग से भूमि लिए जाने का आरोप लगाते हुए नगला गुलाल के किसान भी शामिल हुए। दो बसों में भरकर बड़ी संख्या में महिला-पुरुष आए थे।
चकरघिन्नी बना रहा पुलिस-प्रशासन
कांग्रेसियों द्वारा ऐन वक्त पर हाईवे जाम करने की भनक पुलिस और प्रशासन को नहीं थी। सीओ सिटी राजेश चौधरी एवं एसडीएम टूंडला श्रीराम यादव को जानकारी मिली तो वे तुरंत हाईवे की ओर दौड़े। इसके बाद पुतला दहन की सूचना पर पुलिस ने फिर दौड़ लगाई।
कांग्रेसी ट्रेन रोकने को ट्रैक पर आए थे, लेकिन समझाने के बाद वे मान गए। कालका मेल दो मिनट ही रुकी। इतना ही इस ट्रेन का स्टॉपेज है।
राजीव वर्मा प्रभारी आरपीएफ फीरोजाबाद
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