गिरते तापमान में वायरल बुखार और खांसी का स्वरूप भी बदला है। इन दिनों चपेट में आ रहे मरीजों का बुखार 5 दिन तो खांसी 15 दिन में ठीक हो रही है। दवाओं से भी आराम नहीं लग रहा। बच्चों में खांसी का असर अधिक है।
मेडिकल कॉलेज में खांसी, जुकाम के हर रोज 200 से ज्यादा मरीज आ रहे हैं। बुखार के 300 से अधिक रोगी आ रहे हैं। फिजिशियन डॉ. मनोज कुमार ने बताया कि मरीजों में तेज बुखार, छाती में जकड़न, खांसते वक्त सीने में दर्द, नाक बंद होने, गले में खराश, सूजन और दर्द की परेशानी अधिक है। दवाओं का पूरा कोर्स करने के बाद 5 से 7 दिन ठीक होने में लग रहे हैं।
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. एलके गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में आने वाले बच्चों में नाक बंद होना, छाती से आवाज आने की दिक्कत है। बच्चों को खांसी अधिक परेशान कर रही है, दवा लेने के बावजूद 10 से 15 दिन में खांसी ठीक हो रही है। इसके अलावा तेज बुखार से बच्चे दूध पीने, खाने-पीने से बच रहे हैं। बच्चों को भर्ती करना पड़ रहा है।
इन बातों का रखें ध्यान
- गर्म कपड़े पहनें, ठंडा पानी न पीएं।
- गुनगुना पानी पीएं, नमक वाले पानी से गरारे करें।
- दाल, सब्जी, चपाती खाएं, तली सामग्री से बचें।
- नारियल पानी पीएं, फल खाएं।