युवक की पीटकर हत्या करने के बाद शव को थ्रेशर में डाल दिया गया
शुक्रवार शाम थाना मटसेना के गांव करछुली में मजदूरी मांगने वाले दलित की पिटाई, फायरिंग और अंबेडकर प्रतिमा क्षतिग्रस्त करने का मामला शांत नहीं पड़ा था कि इसी रात गांव दौकेली में गेहूं निकासी के दौरान थ्रेसर की स्पीड बढ़ाने को लेकर दबंगों ने दलित युवक की पीट-पीट कर हत्या कर दी। इसके बाद शव को थ्रेसर में डाल दिया। देर रात पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गए। थ्रेसर को खुलवाकर शव बाहर निकाला। घटना के बाद से गांव में तनाव है।
शुक्रवार रात एक बजे मटसेना थाना क्षेत्र के गांव दौकेली के कई खेतों में थ्रेसर से गेहूं की छंटाई का कार्य चल रहा था। बृजलाल कुशवाहा गेहूं निकलवानेे के लिए गांव के ही योगेंद्र प्रताप सिंह पुत्र मथुरा प्रसाद को ट्रैक्टर और थ्रेसर सहित खेतों पर लाया था। योगेंद्र प्रताप ने थ्रेसर से गेहूं की छंटाई शुरू की तो बृजलाल के परिवारीजनों ने थ्रेसर की स्पीड बढ़ाने को कहा। योगेंद्र ने मना किया तो विवाद हो गया। गुस्से में आकर बृजलाल के परिवार के लोगों ने योगेंद्र की लाठी-डंडों से पिटाई कर हत्या कर दी और शव को थ्रेसर में डाल दिया। घटना से ग्रामीणों में सनसनी फैल गई। सूचना पर पहुंचे योगेंद्र के परिवारीजनों ने पुलिस को हत्या की जानकारी दी। इसके बाद एसपी सिटी संजीव वाजपेयी के साथ कई थानों की पुलिस पहुंच गई और थ्रेसर खुलवाकर शव को निकलवाया। बताते हैं कि थ्रेसर में योगेंद्र के शव के टुकड़े फंस गए थे। कुछ लोगों का कहना था कि युवक को पीट कर थ्रेसर में डाला इससे उसकी मौत हुई। बेटे के शव के साथ पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे मथुरा प्रसाद का आरोप है कि मटसेना पुलिस समझौते के लिए दबाव बनाती रही। दस घंटे बाद भी पुलिस ने तहरीर नहीं ली। बसपा नेताओं ने आक्रोश जताया लेकिन रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई।