फिरोजाबाद। एडीजे कोर्ट से पुलिस टीम पर जानलेवा हमला और अवैध हथियार रखने के करीब 9 वर्ष पुराने मामले में साक्ष्यों के अभाव में तीनों आरोपियों को दोषमुक्त किया गया है। घटना 11 फरवरी 2017 की रात करीब 11 बजे की है। थाना सिरसागंज के तत्कालीन एसआई धनपाल सिंह, श्यामपाल सिंह और पुलिस बल के साथ सराय मुरलीधर तिराहे पर गश्त पर थे। पुलिस का दावा था कि वहां एक बिना नंबर की काले रंग की बाइक के साथ तीन संदिग्ध युवक खड़े थे। पुलिस टीम जैसे ही उनके पास पहुंची, आरोपियों ने जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस ने घेराबंदी कर हरिओम निवासी अध्यापक नगर, सिरसागंज, बंटू उर्फ अशरफ निवासी भदेसरा, सिरसागंज और देवा उर्फ देवेश निवासी नगला भूपाल, सिरसागंज को गिरफ्तार करने का दावा किया था। मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि घटना के समय मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों की संख्या आरोपियों से कहीं अधिक थी। पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने बेहद नजदीक से फायर किए थे। इसके बावजूद पुलिस बल के किसी भी सदस्य को कोई चोट और न ही कोई घायल हुआ।