फीरोजाबाद। परिषदीय स्कूलों में बच्चों को शिक्षा के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से बेसिक शिक्षा विभाग ने शिक्षा योजना के अंतर्गत सौ स्कूलों में कंप्यूटर उपलब्ध कराए थे लेकिन बीते दस सालोें में तीन चरणों में भेजे गए कंप्यूटर कई स्कूलों की जगह गुरुजी के घर की शोभा को बढ़ा रहे हैं।
कंप्यूटर साहत्तित शिक्षा योजना के अंतर्गत उच्च प्राथमिक स्कूलों में भेजे गए कंप्यूटर को भेजने से पहले विभाग को सर्वे करना था कि जिन स्कूलों में बिजली की व्यवस्था हो, छात्र संख्या ज्यादा हो उनका चयन कर विभाग ने कंप्यूटर भिजवाए थे। कंप्यूटर स्कूलों में शुरू भी हुए लेकिन बाद में ये हेडमास्टर के घर पहुंच गए। अधिकांश कंप्यूटर स्कूलों में खराब हो गए। सीपीयू में जंग लग गई। कई कंप्यूटर की पावर सप्लाई नहीं आ रही है। विभाग को दस सालों बाद कंप्यूटर अनुदेशकों को रखने की सुध आई है।
25 अनुदेशक देंगे कंप्यूटर ज्ञान
स्लेट वह ब्लैक बोर्ड में सौ तक गिनती एवं 20 तक पहाड़ा लिखने वाले छात्रों को कंप्यूटर से कला, फाइल बनाना, पेंटिंग, फोल्डर बनाने की जिम्मेदारी दी गई है। इन 25 अनुदेशकों को जिन स्कूलों में विभाग की तरफ से कंप्यूटर भेजा गया है उन स्कूलों में जाकर बच्चों को पढ़ाना है।
देखरेख के अभाव में खराब हुए
कंप्यूटर योजना को देख रहे आरएल वर्मा ने बताया कि सौ उच्च प्राइमरी स्कूलों में कंप्यूटर भेजे गए थे। अधिकांश कंप्यूटर देखरेख के अभाव, मेंटीनेंस नहीं होने से खराब हो गए हैं।