फिरोजाबाद। यूपी बोर्ड हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले छात्र-छात्राओं को अंकपत्र वितरित करने के बजाय डीआईओएस कार्यालय में डंप है। कॉलेजों की अनदेखी के चलते परीक्षार्थी इधर-उधर भटक रहे हैं।
यूपी बोर्ड ने इस वर्ष सबसे पहले रिजल्ट घोषित करने के बाद छात्र-छात्राओं का अंकपत्र जिला मुख्यालय में मुहैया कराने में नया रिकार्ड बनाया है। डीआईओएस कार्यालय से मई माह से ही कॉलेजों को अंकपत्र वितरित किया जा रहा है। मगर अभी पचास प्रतिशत कॉलेजों का अंकपत्र डीआईओएस कार्यालय में डंप हैं। हाईस्कूल के 380 और इंटरमीडिएट के 160 विद्यालयों के अंकपत्र डीआईओएस कार्यालय में हैं। कॉलेजों के अंक पत्र नहीं ले जाने से परीक्षार्थियों को वितरित नहीं किया जा रहा है। दरअसल में कुछ कॉलेजों ने अभी तक यूडायस पोर्टल पर छात्र-छात्राओं का डाटा अपलोड नहीं कराया है। इसके चलते उन कॉलेजों को अंकपत्र नहीं दिया जा रहा है। जो कॉलेज छात्र-छात्राओं का डाटा फीड करा चुके हैं, उन्हें अंक पत्र दिया जा रहा है। कॉलेजों की इस अनदेखी से इंटर के परीक्षार्थियों को स्नातक कक्षाओं में दाखिला लेने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
- यूपी बोर्ड ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट का अंकपत्र कार्यालय में मुहैया करा दिया है। मई माह से ही अंकपत्रों का वितरण किया जा रहा है। जो कॉलेज मानक पर खरे उतर रहे हैं, उन्हें दिया जा रहा है। सभी कॉलेजों को पत्र जारी करके यू डायस पर छात्र-छात्राओं का डाटा फीड कराने को कहा गया है। - निशा अस्थाना, डीआईओएस