फतेहपुर। ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने और उनके उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराने के लिए जिले में 260 उद्यम सखियां तैयार की जाएंगी। इन्हें प्रशिक्षण देकर स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को ऑनलाइन कारोबार के गुर सिखाए जाएंगे। इससे महिलाएं अपने उत्पादों की बिक्री बढ़ाकर आय में इजाफा कर सकेंगी।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत चयनित उद्यम सखियों को ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म, डिजिटल मार्केटिंग और ऑनलाइन बिक्री की प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी। साथ ही उत्पादों की पैकेजिंग, ब्रांडिंग, डिजिटल भुगतान और ग्राहकों से संवाद करने के तरीके भी सिखाए जाएंगे।
प्रशिक्षण के बाद उद्यम सखियां अपने-अपने क्षेत्रों में जाकर स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को कारोबार बढ़ाने के लिए प्रेरित करेंगी। वे गांवों में तैयार होने वाले अचार, पापड़, मसाले, सिलाई-कढ़ाई के उत्पाद और हस्तशिल्प को ऑनलाइन बेचने में मदद करेंगी। योजना के तहत जिले के सभी विकासखंडों से करीब 20-20 महिलाओं का चयन करने की तैयारी है। चयनित महिलाओं को चरणबद्ध तरीके से प्रशिक्षण दिया जाएगा।
स्वरोजगार योजनाओं की भी देंगी जानकारी
उद्यम सखियां महिलाओं को कारोबार शुरू करने और उसे आगे बढ़ाने के लिए उपलब्ध सरकारी योजनाओं की जानकारी भी देंगी। इनमें मुद्रा ऋण और स्टार्टअप से जुड़ी योजनाएं शामिल हैं।
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स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को उत्पादों की गुणवत्ता, पैकेजिंग, ब्रांडिंग और ऑनलाइन बिक्री का प्रशिक्षण दिलाया जाएगा, ताकि वे अपने उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुंचाकर आय बढ़ा सकें। उन्हें स्वरोजगार योजनाओं की जानकारी भी दी जाएगी।
- पवन कुमार मीणा, सीडीओ।