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Fatehpur News: मौसम का बदला मिजाज, रिमझिम बारिश से भीगा जनपद

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फतेहपुर। जनपद में एक बार फिर मौसम ने करवट ली है। शनिवार सुबह रिमझिम बारिश हुई और पूरा दिन आसमान में बादलों ने डेरा जमाए रखा। बारिश के कारण सुबह स्कूल जाने वाले बच्चों को छाता लेकर निकलना पड़ा।
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मौसम विभाग ने शनिवार को बारिश की संभावना जताई थी। शनिवार को 0.5 मिमी बारिश दर्ज की गई। जिले में सुबह छह बजे से बूंदाबांदी शुरू हुई, जो सुबह नौ बजे तक रुक-रुककर होती रही। इसके बाद पूरा सूरज बादलों की ओट में छिपा रहा। सुबह साढ़े 11 बजे व दोपहर तीन बजे के बाद एक-दो बार 5-10 मिनट के लिए हल्की धूप दिखाई पड़ी। वहीं, न्यूनतम तापमान 16.3 डिग्री, जबकि अधिकतम 21 डिग्री दर्ज किया गया। बादलों की वजह से न्यूनतम तापमान चढ़ा रहा। हालांकि, शीतलहर से ठंड महसूस की गई। मौसम विभाग के मुताबिक 29 दिसंबर रविवार को भी बादल छाए रहेंगे। इस दौरान हल्की बारिश हो सकती है। बादल छंटने के बाद 31 दिसंबर व एक जनवरी से तापमान में गिरावट के आसार हैं।


बारिश में स्कूली बच्चे छतरी लिए आए नजर

खखरेरू। सर्दियों में जहां आमजन ठिठुरते हुए अलाव के पास नजर आए, वहीं नौनिहाल पीठ पर बस्ता लेकर स्कूल की राह पर दिखे। शनिवार को बारिश के दरम्यान गलन भरी ठंड के बीच भी उनके कदम नहीं रुके और स्कूली बच्चे छतरी लेकर निकल पड़े। खुशनुमा बारिश से बच्चों के चेहरे भी खिले-खिले नजर आए।
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शनिवार को 0.5 मिलीमीटर बारिश हुई है। 29 दिसंबर को भी हल्की बारिश की संभावना है। पूरे दिन बादल छाए रहेंगे। एक जनवरी से ठंड बढ़ने की संभावना है। -डॉ. वसीम खान, मौसम विशेषज्ञ

बेमौसम बारिश ने बढ़ाई किसानों की चिंता

-जिले में करीब 45 हजार हेक्टेयर में हो रही सरसों की खेती
फतेहपुर। जिले में हो रही बेमौसम बारिश ने सरसों का उत्पादन करने वाले किसानों की चिंता बढ़ा दी है। किसानों का कहना कि बारिश के कारण सरसों के पौधों से फूल झड़ रहे हैं। इससे उत्पादन में कमी आएगी।
जनपद में करीब 45 हजार हेक्टेयर भूमि पर सरसों की खेती हो रही है। शनिवार सुबह बारिश हुई। इसके पहले 25 दिसंबर को 4.5 मिली बारिश हुई थी। लगातार दो बार से रुक-रुककर हो रही बारिश के कारण सरसों को अनाज देने वाले फूल झड़ रहे हैं। किसान रामसिंह, रमेश, जयवीर ने बताया कि इस समय सरसों में फूल ही अनाज तैयार करते हैं। अभी कम बारिश हुई है तो ज्यादा नुकसान नहीं हुआ, लेकिन आने वाले दिनों में भी बारिश के आसार बताए जा रहे हैं। इसको लेकर चिंतित हैं। बारिश होने पर सरसों की फसल को बड़ा नुकसान होगा। वहीं ये बारिश गेहूं और चना के लिए वरदान है। मौसम विशेषज्ञ डॉ. वसीम खान ने बताया कि रविवार को भी बारिश के असार हैं। बारिश के बाद कोहरे के साथ शीतलहर चलने की संभावना भी बढ़ गई है।
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