मौसम के मिजाज में बदलाव आने के साथ ही मौसमी बीमारियों ने अपने पांव पसारने शुरू कर दिए हैं। लोग वायरल फीवर, सर्दी, खांसी, जुकाम आदि से पीड़ित हो रहे हैं। बच्चों पर मौसम का सबसे अधिक असर हो रहा है। जिला अस्पताल समेत नर्सिंगहोम और क्लीनिक में मरीजों और तीमारदारों की जबरदस्त भीड़ हो रही है।
चार, पांच दिन से मौसम में उतार चढ़ाव हो रहा है। दिन में गर्मी और सुबह शाम ठंड रहती है। मौसम के असर से बच्चे एवं बुजुर्ग सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। सर्दी, खांसी के साथ वायरल फीवर का प्रकोप तेजी से बढ़ा है। होली के त्योहार के बाद सोमवार को जिला अस्पताल में ओपीडी हुई तो मरीजों की लंबी लाइन लगी रही। अन्य दिनों में डेढ़ से दो सौ की ओपीडी होती थी लेकिन सोमवार को यह संख्या ढाई सौ पार कर गई। फिजीशियन कक्षों के बाहर मरीजों को अपनी बारी के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। भीड़ के चलते मरीजों को काफी दिक्कत भी उठानी पड़ी। पहले उन्हें पर्ची बनवाने को लाइन में लगना पड़ा। इसके बाद चिकित्सक को दिखाने के लिए।
जिला अस्पताल में बुखार से पीड़ित अंशू हथगाम, राजरानी आबूनगर, दिनेश चौक, रोशनी बकंधा तो उल्टी दस्त से पीड़ित हसवा के रोहित सिंह, भिटौरा की सविता, मसवानी के छोटू इलाज कराने पहुंचे।
मुख्य चिकित्साधीक्षक डा. हरगोविंद सिंह ने बताया कि अस्पताल में पर्याप्त दवाएं उपलब्ध हैं। मरीजों को समुचित चिकित्सा सेवा उपलब्ध कराई जा रही है। गंभीर रोगियों को वार्ड में भर्ती कर इलाज किया जाता है।