रामलीला मैदान में बुधवार को पांच दिवसीय दशहरा महोत्सव की धूम रही। दोपहर बाद साज-सज्जा के साथ झांकियां निकाली गईं। रास्ते भर डांडिया करते लोगों को देखने के लिए भीड़ जुटी। झांकियों और कलाकारों की प्रस्तुति ने सभी का मन मोह लिया।
सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस और पीएसी जुलूस में साथ रही। श्रद्धालुओं और की भीड़ के चलते चार घंटे तक आवागमन रेंगते हुए चला।
रामलीला मैदान में प्राचीन हनुमान मंदिर के सामने होने वाले पांच दिवसीय 71वें दशहरा महोत्सव के दूसरे दिन नगर में रामदल की शोभायात्रा में भीड़ उमड़ी।
रामदल शोभायात्रा कृष्णागंज से तहसील रोड, गांधी चौराहा, पुरानी बिंदकी, ज्वाला जी मंदिर, बजाजा गली, फाटक बाजार, निजामी चौराहा, महाजनी गली, कटरा मोहल्ला, बजरिया , मुगल रोड के बाद देर रात रामलीला मैदान पहुंची।
गाजे- बाजे के साथ निकली झांकियों में राम, लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न, हनुमान , अंगद, सुग्रीव, नल, नील, जामवंत आदि राम की सेना के अलावा, राधा कृष्ण व शिव तांडव आकर्षण काकेंद्र रहे। रात में शंकर पार्वती लीला, पूतना वध, नंद उत्सव किया गया, जिसे देख दर्शक भाव विभोर हो गए।
वहीं यात्रा की व्यवस्था संभालने में संरक्षक मंडल के पूर्व सभासद बीरेंद्र तिवारी, अनिल गुप्ता चार्ली, पूर्व चेयरमैन अरविंद पप्पू, अशोक गुप्ता, गोपाल जी गुप्ता, सभासद दिनेश मिश्रा, रामजी गुप्ता, अध्यक्ष चंद्रेश गुप्ता, पुरुषेत्तम ओमर, संदीप विश्वनोई, ओमजी गुप्ता आदि शामिल रहे। शोभायात्रा में लोकनाथ पांडेय, सपा नेता संजय यादव, रावेंद्र यादव मौजूद रहे।
प्रशासनिक एवं सुरक्षा व्यवस्था कमान एसडीएम जेएन सचान, सीओ आरके वर्मा संभाले हुए थे। कोतवाल केके यादव के नेतृत्व में थाना बकेवर, औंग, कल्यानपुर, जाफरगंज, जहानाबाद, चांदपुर का फोर्स पीएसी के साथ मुस्तैद रहा।
इस दौरान अंबेडकर चौराहे से लेकर बांदा सागर हाईवे के पुरानी बिंदकी तक की सीमाओं को उमड़ी भीड़ के कारण सील कर दिया गया था। वाहनों को बाईपास व अन्य मार्गों से घुमाकर भेजा गया।
दशहरा महोत्सव में आज व कल होने वाले कार्यक्रम- बिंदकी। श्री रामलीला कमेटी बिंदकी के तत्वावधान में दशहरा महोत्सव में गुरुवार 22 अक्तूबर को रामलीला में लंका दहन, लक्ष्मण शक्ति, रावण सेना के वध के उपरांत अहंकारी रावण का वध होगा। 23 को भरत मिलाप व कृष्ण सुदामा लीला, 24 को फूलों वाली होली व कंस वध लीलाओं का मंचन होगा।
लाखों रुपये खर्च कर हनुमान मंदिर की भव्य सजावट के अलावा नगर के गांधी चौराहे से लेकर अंबेडकर, खजुहा तिराहा तक विद्युत की अत्याधुनिक सजावट की गई है। बांदा व दिल्ली की आतिशबाजी का प्रदर्शन देर रात दशहरा महोत्सव में रावण वध के बाद किया जाएगा।