फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Fatehpur News: जिले में नहीं है कोरोना रोधी बूस्टर डोज

विज्ञापन
विज्ञापन
अब तक सिर्फ 15 प्रतिशत लोगों को लगी है बूस्टर डोज
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
फतेेहपुर। जिले में कोरोना संक्रमण का खतरा मंडराने लगा है। ऐसे में लोगों को कोरोना रोधी बूस्टर डोज की अनिवार्यता समझ में आने लगी है, लेकिन जिले भर में बूस्टर डोज एक भी वैक्सीन नहीं है। इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग ने शासन को पत्र लिखा है। जिले में अभी तक सिर्फ 15 प्रतिशत लोगों को ही बूस्टर डोज लगी है।
कोरोना काल से उबरे लोगों ने वैक्सीन लगाने में बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया। कोविड की दोनों वैक्सीन अधिकांश लोगों ने लगवाई। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार 60 वर्ष से अधिक, 18 से 44 साल और 15 से 17 साल उम्र के सौ प्रतिशत लोगों ने दोनों डोज लगवाईं। वहीं, 12 से 14 साल उम्र के 95 प्रतिशत लड़के और लड़कियों ने वैक्सीन लगाकर कोरोना को मात दिया।
विज्ञापन

कोविड का खतरा टलते ही ज्यादातर लोगों ने बूस्टर डोज लगवाने में रुचि नहीं दिखाई। जिले की 30 लाख से अधिक आबादी में महज 5 लाख 79 हजार 405 लोगों ने ही बूस्टर डोज लगवाकर अपने को सुरक्षित किया। पिछले एक सप्ताह में कोरोना के तीन मरीज मिलने से संक्रमण का खतरा बढ़ने लगा है। स्वास्थ्य प्रशासन भी अलर्ट मोड पर है। प्रशासन ने शासन को पत्र भेजकर एक भी बूस्टर डोज न होने की स्थिति जाहिर कर दी है, लेकिन अब तक वैक्सीन उपलब्ध नहीं हो सकी है।

डेढ़ महीने से वैक्सीन नहीं
बूस्टर डोज एचथ्रीएनटू और इन्फ्लूएंजा एचवनएनवन वायरस से बचाव में भी सहायक है। इन दोनों वायरस के मरीज लगातार बढ़ रहे हैं। अस्पताल में मरीजों की लाइन लग रही है लेकिन, डेढ़ महीने से एक भी डोज नहीं होने से लोगों को लाभ नहीं मिल पा रहा है। स्वास्थ्य अमला भी सिर्फ कागजों में कोरोना से लड़ने की तैयारी कर रहा है। जिले भर में संसाधनों को सुधार कर कोरोना से निपटने के लिए अब तक कोई तैयारी नहीं किए गए। जिला अस्पताल समेत सीएचसी में कोरोना के लिए इंतजामों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। जिला स्वास्थ्य प्रशासन ने अब तक कोरोना को लेकर कोई एडवाइजरी भी जारी नहीं की है।
विज्ञापन

कोट्स
जिला स्वास्थ्य विभाग के पास अभी बूस्टर डोज नहीं है। शासन को वैक्सीन शून्य होने की जानकारी दे दी गई है। बूस्टर डोज 5 लाख 79 हजार 405 लोगों को लगाई गई है। -सुरेंद्र चंद्र, नोडल अधिकारी, फतेहपुर
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें