फतेहपुर। वन विभाग परिसर चौकीदार के धक्का देकर भागे कछुआ तस्कर की तलाश में गई पुलिस और वन विभाग की संयुक्त टीम सुल्तानपुर से खाली हाथ लौट आई है। काफी प्रयास के बावजूद आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया जा सका।
शहर रेलवे स्टेशन पर तीन फरवरी की दोपहर जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त टीम ने सुल्तानपुर जिले के उमेश कंजड़ और उसके नाबालिग साले को कछुआ तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया था। इसके बाद आरपीएफ ने दोनों आरोपियों और बरामद कछुओं को वन दरोगा सीमा यादव के सुपुर्द कर दिया था।
उमेश को वन विभाग परिसर में ललौली महना गांव के चौकीदार जितेंद्र सिंह की निगरानी में रखा गया था। बुधवार तड़के करीब पांच बजे वह सुरक्षा में तैनात कर्मचारी को धक्का देकर भाग गया था। मामले में रेंजर रूप सिंह की तहरीर पर कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
कोतवाली पुलिस और वन विभाग की संयुक्त टीम कछुआ तस्कर की तलाश में सुल्तानपुर रवाना हुई थी लेकिन शनिवार को आरोपी हाथ नहीं लगने पर टीम लौट आई। डीएफओ जीडी मिश्रा ने बताया कि तस्कर की तलाश जारी है और उसे जल्द पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।