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Fatehpur News: पैमाइश करने पहुंची राजस्व टीम को दौड़ाया, अधिवक्ता को पीटा

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बहुआ। विवादित भूमि पर पूर्व शासकीय अधिवक्ता पक्ष संग पैमाइश को पहुंची राजस्व टीम पर दूसरे पक्ष ने हमला किया। हमलावरों ने राजस्व टीम को दौड़ाया और अधिवक्ता को घेरकर लात घूसों, पत्थर व लाठी डंडे से पीट दिया। पिटाई का वीडियो भी वायरल हुआ है। पुलिस ने दोनों पक्षों से मुकदमा दर्ज किया और घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा है। बिना पुलिस के पैमाइश को पहुंचना राजस्व टीम की बड़ी चूक मानी जा रही है।
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थाना क्षेत्र के कस्बा निवासी पूर्व शासकीय अधिवक्ता सैय्यद आसिफ मकसूद और पीरबक्स उर्फ घूरु अली के बीच विवाद चल रहा है। अधिवक्ता ने डीएम से बंजर भूमि में कब्जे की शिकायत की थी। राजस्व टीम से कानूनगो कमलेश दुबे, लेखपाल पुष्पेंद्र सिंह, लेखपाल राजेश कुमार, लेखपाल जयप्रकाश और पूर्व शासकीय अधिवक्ता सैय्यद आसिफ मकसूद विवादित भूमि पर पैमाइश को पहुंचे। दूसरे पक्ष ने पैमाइश का विरोध किया।
पक्षों की ओर से गाली गलौज के दौरान मारपीट हो गई। राजस्व टीम को दौड़ा लिया। आरोपियों ने अधिवक्ता को घेरकर ईंट और डंडे से गिराकर पीटा। सिर पर चोट लगने से अधिवक्ता लहूलुहान हो गए। अधिवक्ता की तहरीर पर पुलिस ने पीरबख्श उर्फ घूरुअली, आजम अली, जमाल अली, मुस्तकीम, आसिफ उर्फ छोटे, अनवर, जफर खां, आफताब और पांच अन्य के खिलाफ मारपीट, गाली गलौज, धमकी व बलवा का मुकदमा दर्ज किया है।
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उधर, दूसरे पक्ष से आजम अली ने तहरीर में आरोप लगाया कि अधिवक्ता सैय्यद आसिफ मकसूद,जावेद मकसूद,मकसूद अहमद ने अपने छह अन्य साथियों व राजस्व कर्मियों के संग भूमि पर अवैध कब्जे की नीयत से पैमाइश करने लगे। विरोध पर गाली-गलौज की और लाठी डंडे से हमला किया। उसे और उसके भाई जमाल को गंभीर चोट आई। थानाध्यक्ष वृंदावन राय ने बताया कि दोनों पक्षों से मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।

इनसेट
कानूनगो बोले थाने में नहीं मिली थी फोर्स
विवादित जमीन की पैमाइश को टीम के साथ पहुंचे कानूनगो कमलेश दुबे ने बताया कि थाने में थानाध्यक्ष नहीं मिले थे। एक दरोगा थे। उन्होंने पर्याप्त फोर्स थाने में नहीं होने की बात कही। दूसरे दिन आने को कहा। वह अक्सर टीम के साथ पैमाइश कर आते हैं। इसी वजह से पुलिस की जरूरत नहीं समझी। कानूनगो की इस चूक से बड़ी घटना हो सकती थी। उधर, थानाध्यक्ष ने बताया कि थाने में पर्याप्त फोर्स नहीं होने की बात कानूनगो को उनसे कहना चाहिए। उन्होंने कोई जानकारी नहीं दी।
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