फसल बर्बादी के सदमे में युवा किसान ने गांव के पास गुजरी हाइटेंशन लाइन के पोल पर चढ़कर फांसी लगा जान दे दी। घटना के चौबीस घंटे बाद भी शव को नीचे नहीं उतारा जा सका। मृतक के परिजनों ने फसल बर्बादी के कारण आत्महत्या की तहरीर दी है।
गाजीपुर थाना क्षेत्र के बड़ागांव निवासी राकेश (30) पुत्र कामता प्रसाद शनिवार शाम को खेतों की कटाई के लिए गया था। गेहूं की कम उपज देखकर वह सदमे में आ गया।
वह खेतों पर ही काम कर रहे पिता से गेहूं की बालियों को मसलकर परिवार के भरण पोषण को लेकर चिंता जाहिर करने लगा। तभी देखते ही देखते किसान पास में ही लगे हाईटेंशन लाइन के खंभे पर चढ़ गया। वृद्ध पिता चीख पुकार मचाता रहा, लेकिन उसने एक न सुनी।
करीब 80 फुट की ऊंचाई तक चढ़ने के बाद किसान ने गले से शाल उतारकर फांसी के फंदे से झूल गया। घटना से परिजनों में कोहराम मच गया। किसान की पत्नी सुमन देवी और मासूम पुत्रियों पूजा देवी और आरती का हाल बेहाल हो गया। घटना की तहरीर किसान के पिता ने पुलिस को रविवार सुबह दी। पुलिस मौके पर पहुंची और हाईटेंशन लाइन के करीब ही शव लटकता देखकर लौट गई। पुलिस ने बिजली विभाग के अफसरों को मामले की खबर दी। जेई ने लाइन काटे जाने के बाद ही शव को नीचे उतारने के सलाह दी है। किसान का चौबीस घंटे के बाद शव पोल से झूल रहा है। एसओ शिवमंगल सिंह ने बताया कि शव को उतारने के लिए प्रयास हो रहे हैं। लाइन के पास शव लटकने के कारण करंट के डर से शव तक नहीं पहुंच सके हैं। कानपुर से बिजली विभाग की टीम बुलाई गई है। जल्द ही शव को उतारकर पोस्टमार्टम कराया जाएगा।