फोटो-31-एडीएम से नोक-झोक करते जिला बार एसो. अध्यक्ष बाबू सिंह यादव व अन्य अधिवक्ता। संवाद
फतेहपुर। अधिवक्ताओं के कब्जे हटवाने के लिए जिला प्रशासन रविवार शाम बुलडोजर और भारी पुलिस बल के साथ पहुंच गया। जानकारी मिलते ही बार एसोसिएशन के अध्यक्ष के नेतृत्व में सैकड़ों अधिवक्ता मौके पर पहुंच गए। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी झड़प हुई। एडीएम ने हस्तक्षेप कर मामला शांत कराया। दोनों पक्षों के बीच सोमवार को बैठक में समाधान निकालने पर सहमति बनी है।
कलक्ट्रेट परिसर में विद्यार्थी चौराहे के पास अधिवक्ताओं के करीब 50 से 60 चेंबर बने हैं। प्रशासन का आरोप है कि ये चेंबर अवैध कब्जे के तहत बनाए गए हैं और कुछ स्थानों पर स्थायी निर्माण भी कराया जा रहा है। इन्हें हटवाने के लिए एसडीएम अनामिका श्रीवास्तव पुलिस बल और बुलडोजर के साथ पहुंचीं।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष बाबू सिंह यादव और अन्य अधिवक्ता भी मौके पर पहुंचे। यहां दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हुई। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष ने कहा कि पहले जमीन की नाप कराई जाए यदि वह सरकारी भूमि साबित होती है तो चेंबर स्वयं हटा दिए जाएंगे। उन्होंने प्रशासन से नाप के दस्तावेज दिखाने की मांग की।
अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रशासनिक टीम ने उनके साथ अभद्रता की और हमले का प्रयास किया। जबकि वे सहयोग कर रहे थे। उनका कहना था कि पुलिस और अधिवक्ताओं के बीच टकराव की स्थिति बनाई जा रही है। एडीएम अविनाश त्रिपाठी ने बताया कि अधिवक्ताओं की ओर से स्थायी निर्माण कराया जा रहा था जिसे रोकने के लिए कार्रवाई की गई है।
फोटो-31-एडीएम से नोक-झोक करते जिला बार एसो. अध्यक्ष बाबू सिंह यादव व अन्य अधिवक्ता। संवाद