फतेहपुर जिले में सदर कोतवाली क्षेत्र के हरिहरगंज स्थित चाइल्ड लाइन सेंटर के बाथरूम में 13 वर्षीय किशोरी ने दुपट्टे का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। मुराईनटोला चौकी इंचार्ज संदीप तिवारी ने 15 मई को किशोरी को चाइल्ड लाइन सेंटर पहुंचाया था।
वह रात को खाना खाने के बाद सो गई थी। सेंटर में महिला स्टाफ भी था। सुबह उठने के बाद किशोरी ने नाश्ता किया और फिर नहाने की बात कहकर बाथरूम में चली गई। काफी देर तक बाथरूम से नहीं निकली तो महिला कर्मी ने आवाज दी।
पहली बार अंदर से उसने कुछ देर में निकलने का जवाब भी दिया। दोबारा कोई जवाब नहीं आया। महिला ने अन्य कर्मचारियों और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने स्नानगृह का दरवाजा तोड़ा तो देखा फव्वारे में किशोरी दुपट्टे के फंदे से फांसी पर लटकी हुई थी।
किशोरी की पहचान चित्रकूट जिले के पहाड़ी थाना क्षेत्र के कुचारण गांव निवासी बाबूलाल कुशवाहा ने बेटी रश्मि (13) के रूप में पहचान की। बताया कि वह कक्षा सात में पढ़ती थी। बाबूलाल कुशवाहा प्राइवेट स्कूल में शिक्षक हैं। बताया कि बेटी सात मई को घर से लापता हो गई थी।
इसके बाद वह लोग तलाश करते रहे, लेकिन कोई पता नहीं लगा था। चाइल्ड लाइन के कर्मचारी आशीष तिवारी ने बताया किशोरी ने पूछताछ में घरवालों का नाम पता बताया था। वह पहले गुमराह करती रही थी। उसी आधार पर घरवालों को सूचना दी गई थी।
परिजनों के आने से पहले ही उसने जीवन लीला समाप्त कर ली थी। मृतका के भाई प्रदीप ने बताया कि बहन की मानसिक स्थिति कुछ ठीक नहीं थी। इसके चलते ही आत्महत्या की है। हरिहरगंज चौकी इंचार्ज विजय त्रिवेदी ने मौके पर पहुंचे। कोतवाल सत्येंद्र सिंह ने बताया कि चित्रकूट से किशोरी आई थी। पनी मोहल्ले में भटक रही थी। मोहल्लेवालों ने पुलिस को सूचना दी थी। वह कई दिन तक कहां रही। इसका पता लगाया जा रहा है।