फतेहपुर/खागा। जिले की 126 ग्राम पंचायतों में बने पंचायत भवनों की तकनीकी जांच समिति करेगी। इसके बाद इन भवनों को ध्वस्त करना है या नहीं, इसका फैसला लिया जाएगा।
डीएम ने पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय समिति का गठन किया है। इसमें बतौर सदस्य सहायक अभियंता, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, सहायक अभियंता लघु सिंचाई रहेंगे।
यह समिति ऐसे पंचायत भवनों की तकनीकी जांच करेगी जो बेहद ही जर्जर स्थिति में हैं। बता दें कि ऐसे पंचायत भवन जो 15 वर्ष की अवधि पूरी कर चुके हैं।
उनके निर्माण कार्य की गुणवत्ता संतोषजनक न होने के कारण, बिना किसी प्राकृतिक आपदा के उनका ध्वस्तीकरण करने का निर्णय लिया जाता है। तो ऐसी दशा में प्रधान, वीडीओ, एडीओ, जेई उत्तरदायी होंगे।
उनके खिलाफ कार्यवाही भी हो सकती है। ऐरायां ब्लाक में एक, विजयीपुर में 25, धाता में नौ, हथगाम में आठ, भिठौरा में 10, खजुहा में सात, हसवा में एक, बहुआ में 15, अमौली में 20, मलवा में नौ, असोथर में चार, तेलियानी में 10, देवमई में सात ग्राम पंचायतों के पंचायत भवन बेहद खराब स्थिति में हैं।