फतेहपुर। गाजीपुर कस्बे में संक्रामक बीमारियों पर अंकुश लगते ही स्वास्थ्य विभाग ने पल्ला झाड़ लिया। यहां बीमार लोगों को दवा वितरित करने के चार दिन बाद भी पानी की जांच के लिए टीम नहीं पहुंची।
कस्बे में बहुआ रोड पर बनी टंकी की चार साल से सफाई नहीं हुई। साथ ही जलापूर्ति की लाइन कई जगह क्षतिग्रस्त होने से लोगों के घरों में दूषित पानी पहुंच रहा है। नौ और 10 अगस्त को दूषित पानी पीने से 24 से ज्यादा लोगों की तबीयत बिगड़ी थी। 13 अगस्त को दो लोगों की मौत भी हो गई थी। 14 अगस्त को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर मृतकों के परिजनों से पूछताछ की थी। इस दौरान दो बीमार बच्चों का इलाज भी किया था।
इसी दिन बहुआ से आई एक टीम ने बीमारी से प्रभावित मोहल्ले में दवा वितरित की थी। साथ ही उन्होंने पानी टंकी में डालने के लिए दवा उपलब्ध कराई थी। उस दौरान डॉक्टरों ने पानी की जांच के लिए कोई कदम नहीं उठाया और अगले दिन जांच के लिए टीम भेजने की बात कही। तब से अब तक कोई टीम जांच के लिए नहीं पहुंची। अब त्योहार की छुट्टी के बाद टीम के पहुंचने की उम्मीद है।
निश्चित तौर पर टीम जांच के लिए भेजी जाएगी। वहां कई जगह पाइप लाइन टूटी है, दोबारा दिक्कत हो सकती है। इसलिए त्योहार की छुट्टियों के बाद जांच कराई जाएगी।-डॉ. राजीव नयन गिरि, सीएमओ