फाइल फोटो-33-आदित्य। स्रोत: परिजन
किशनपुर। थाना क्षेत्र के गांव सरौली निवासी आदित्य तिवारी (14) के यमुना नदी से शव मिलने के मामले में पुलिस का शक उसके दोस्तों पर गहराता जा रहा है। दोस्तों की निशानदेही पर पुलिस ने आदित्य के छिपाए गए कपड़े बरामद किए हैं। इससे पहले उसका मोबाइल भी मिला था। इससे संदेह और बढ़ गया है।
गांव सरौली निवासी रमाकांत का पुत्र आदित्य मंगलवार सुबह घर से गांव के तीन दोस्तों के साथ यमुना नदी में नहाने गया था। तीनों दोस्त लौट आए लेकिन आदित्य घर नहीं पहुंचा। परिजन की ओर से पूछताछ किए जाने पर दोस्तों ने कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी। बुधवार सुबह एकडला घाट पर आदित्य का शव मिलने के बाद परिजन ने हत्या का आरोप लगाया।
पुलिस ने बृहस्पतिवार को शव का पोस्टमार्टम कराया। इसमें डूबने से मौत की पुष्टि हुई है। इसके बाद पुलिस की मौजूदगी में यमुना किनारे अंतिम संस्कार किया गया। इसी बीच पुलिस ने पूछताछ के आधार पर पहोरा गांव के पास झाड़ियों से आदित्य के कपड़े बरामद किए।
बताया जा रहा है कि आदित्य के लापता होने के बाद तीनों दोस्त उसके कपड़े लेकर घाट से चले गए थे और उन्हें जंगल में फेंक दिया था। एक दोस्त ने आदित्य का मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर रखा था जिसे बाद में जंगल में छिपा दिया गया।
प्रभारी निरीक्षक बीएल प्रसाद ने बताया कि साक्ष्य संकलन किया जा रहा है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। किसी की भी संलिप्तता पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी।
दोस्ती से मना करते थे परिजन
आदित्य के ताऊ उमाशंकर तिवारी ने बताया कि परिजन उसे अक्सर दोस्तों के साथ जाने से मना करते थे लेकिन वह उनकी बात नहीं मानता था। उन्होंने कहा कि काश उसने बात मान ली होती तो यह घटना न होती। उनका दावा है कि आदित्य को तैरना नहीं आता था और उसे जानकर गहरे पानी में डुबोया गया है।
फाइल फोटो-33-आदित्य। स्रोत: परिजन