सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष को घर से हिरासत में ले जाती पुलिस।
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बसपा सरकार के समय समाजवादी पार्टी के चलाए गए आंदोलन के दौरान चक्कीनाका के पास ट्रेन रोकने वाले सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष व उनके समर्थक नेता को अदालत से वारंट जारी होने पर कोतवाल ने गिरफ्तार कर लिया है। पूर्व जिलाध्यक्ष की गिरफ्तारी से नगर सहित ग्रामीण क्षेत्र के सपाइयों में हड़कंप मचा है। आक्रोशित सपाई कोतवाली पहुंच गए। कोतवाल ने कड़ी सुरक्षा के साथ अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेजा गया।
बुधवार को पुलिस फोर्स लेकर कोतवाल राजेश सिंह सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष रामेश्वर दयाल उर्फ दयालू गुप्ता के आवास रामलीला मैदान पहुंचे। घर में मौजूद सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष दयालू व उनके समर्थक सपा नेता मोहल्ला कजियाना सरांय निवासी आबिद अली अंसारी को सीजेएम अदालत से जारी वारंट दिखाते हुए गिरफ्तार कर कोतवाली ले आए।
सपा नेता की गिरफ्तारी की खबर आग की तरह नगर व ग्रामीण क्षेत्र में फै ल गई। सपाइयों के बीच आक्रोश भड़क गया। सैकड़ाें सपाई कोतवाली पहुंच गए। सपा नेता ने कानून का पालन करने की बात कहकर सपाइयों को शांत कराया। कोतवाल ने बताया कि दोनों सपा नेताओं को कड़ी सुरक्षा के साथ सीएचसी बिंदकी में डाक्टरी परीक्षण कराने के बाद अदालत में पेश किया गया है। अदालत ने उन्हें जेल भेज दिया है।
ट्रेन रोकने पर सपा सुप्रीमो ने भेजा था बधाई पत्र- बिंदकी। सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव के निर्देश पर पूरे प्रदेश में बसपा सरकार के दमन चक्र के खिलाफ सपाइयों ने बृहद आंदोलन चलाया था। नौ मार्च 2011 बुधवार को दिल्ली हाबड़ा रेलमार्ग पर मलवां थाना क्षेत्र के चक्की नाका के पास ट्रैक जाम कर सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष दयालू ने अपने आधा सैकड़ा कार्यकताओं के साथ मालगाड़ी रोकीथीी।
इस दौरान इलाहाबाद, फर्रुखाबाद पैसेंजर, चौरी-चौरा एक्सप्रेस रोकने के प्रयास में बड़ा हादसा होने से बाल-बाल बचा था। इस मामले पर मलवां पुलिस ने सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष रामेश्वर दयाल उर्फ दयालू गुप्ता व उनके समर्थकों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। आंदोलन समाप्त होने के बाद सपा सुप्रीमो ने पूर्व जिलाध्यक्ष को बधाई पत्र भेजकर धन्यवाद दिया था।