कानपुर के बिकरू कांड के आरोपियों को पुलिस ने कल्यानपुर थानाक्षेत्र के भाऊपुर गांव से उठाया है। इन दोनों के साथ आरोपियों के दो रिश्तेदारों को भी उठाया गया था, जिन्हें तीसरे दिन पुलिस ने छोड़ दिया।
गांव पहुंचने पर उन्होंने बताया कि उनके साथ मुख्य आरोपी विकास दुबे के गनर बब्बन दुबे और उसके साले शुभम को भी उठाया गया था। यह दोनों अभी भी पुलिस की गिरफ्त में हैं।
पांच जुलाई की रात को एसटीएफ ने कानपुर और स्थानीय पुलिस की मदद से भाऊपुर में विकास दुबे के गनर बब्बन दुबे के होने की सूचना पर घेराबंदी की थी।
सूत्र बताते हैं कि पांच जुलाई की रात को बब्बन दुबे और उसके साले शुभम ने भाऊपुर में रहने वाले अपने रिश्तेदारों के साथ कटरी क्षेत्र में शराब पी और फिर जब भाऊपुर आने लगे तो उन्हें रास्ते मे ही एसटीएफ ने उठा लिया।
इससे पहले पुलिस ने गांव की बिजली बंद करा दी। ताकि बाइक से आते समय इनकी पहचान हो सके और इन्हें आसानी से पकड़ा जा सके। इनके पकड़े जाने के बाद गांव में इनके अचानक गायब होने की भी चर्चा रही थी।
बब्बन के दोनों रिश्तेदारों को तीसरे दिन एसटीएफ ने छोड़ दिया। इसके बाद इनके परिजनों ने राहत की सांस ली है। थानेदार अनूप सिंह ने बताया कि कानपुर पुलिस की कार्रवाई के बारे में जानकारी नहीं है।