गणपति बप्पा मोरया, मंगल मूर्ति मोरया... गीतों के बीच भक्त विघ्नहर्ता गौरी पुत्र गणेश की आराधना कर मनोवांछित फल की कामना कर रहे हैं। शहर और ग्रामीणांचलों में सजे गजानन के पांडाल आलौकिक छटा बिखेर रहे हैं। यहां आने वाले भक्त को एक अजब सी शांति मिलती है। सुबह शाम आरती में भक्त एक स्वर से गणपति बप्पा मोरया के जयकारे लगा रहे हैं।
शनिवार को शहर के चौक इलाके में सजे गणपति बप्पा के दरबार में भक्तों को जबरदस्त भीड़ रही। भक्तों ने पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया और विधि विधान से गजानन की पूजा अर्चना की। वहीं महिलाओं ने ढोलक की थाप और मंजीरे की धुन में गीत संगीत से माहौल भक्तिमय बना दिया। इसी प्रकार शहर के कलक्टरगंज में सजे पांडाल में भक्तों ने पहुंचकर पूजा अर्चना की। गौरीपुत्र के दर्शन करने आई भक्त कोमल बाजपेयी ने बताया कि गणेश भगवान सभी कष्टों को पल भर में दूर कर देते हैं। इसी प्रकार भक्त अशोक कुमार, दीपाली तिवारी ने बताया कि हर वर्ष वह गजानन के दर्शन करने आते हैं। सुबह शाम आरती में हिस्सा लेते हैं। कहा कि गणेश सभी देवी देवताओं में प्रथम पूजनीय हैं। इनके आशीर्वाद से सभी बिगड़े कार्य बन जाते हैं। इसी प्रकार शहर के चंदियाना, चौधराना और पक्का तालाब में भी गणेश जी का दरबार सजाया गया है जहां सुबह शाम प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में भक्त पहुंचकर आराधना कर रहे हैं। वहीं शहर के चौक इलाके में गणेश जी के मंदिर में हलुआ का प्रसाद वितरित किया गया। भक्तों ने आने जाने वाले सभी लोगों को प्रसाद वितरित किया। सुबह से शुरू हुआ प्रसाद वितरण का कार्यक्रम देर शाम तक चला। वहीं शाम को सुंदर कांड का पाठ भक्तों ने किया।