फतेहपुर। समर्थन मूल्य पर खोले गए क्रय केंद्रों में गेहूं बेचने वाले किसानों की भीड़ बढ़ने लगी है। किसान पंजीयन कराने के साथ ही लोकवाणी केंद्र व सहज जनसेवा केंद्र से टोकन जनरेट करा ले रहे हैं। केंद्र प्रभारियों को गेहूं की गुणवत्ता देखने का समय ही नहीं मिल रहा है।
क्रय केंद्र में गेहूं की तौल कराने के लिए रोज का लक्ष्य तय कर दिया गया है। केंद्र प्रभारी मनमानी ढंग से तौल नहीं करा पाएंगे। रोज साढ़े तीन सौ क्विंटल तक ही गेहूं की तौल होगी। इससे अधिक तौल कराने पर केंद्र प्रभारी गेहूं को ऑनलाइन अपलोड नहीं करा पाएंगे और न ही एक दिन में साढ़े तीन सौ क्विंटल से अधिक का टोकन जनरेट होगा। जिला खाद्य विपणन अधिकारी रमेश श्रीवास्तव ने बताया कि लोकवाणी और सहज जनसेवा केंद्र से टोकन
जनरेट होने की वजह से किसान गुणवत्ता विहीन गेहूं लेकर क्रय केंद्र में पहुंच रहे हैं। जो टोकन क्रय केंद्र से जनरेट किए जाते हैं, उसमें केंद्र प्रभारी उस किसान के गेहूं की गुणवत्ता देख लेते हैं और जो कमी होती है उसे किसान को सही करने को कहते हैं। कंप्यूटर सेंटर से टोकन जनरेट कराने के बाद किसान क्रय केंद्र में अपने गेहूं का नमूना जरूर दिखा दें, ताकि केंद्र प्रभारी उसकी गुणवत्ता को परख सकें।