शैक्षिक गुणवत्ता एवं मूल्यांकन की कसौटी पर सोमवार
को ढाई लाख बच्चे परखे गए। बीएसए समेत कई बीईओ ने इसकी देखरेख की। जिले के
परिषदीय स्कूलों में हुई इस परीक्षा में बेहतर रिजल्ट देने वाले
विद्यार्थियों को जिलास्तरीय अधिकारी गोद लेकर उन्हें बढ़ावा देंगे।
सोमवार
को दो घंटे की यह परीक्षा एक साथ 1903 प्राइमरी व 747 हायर सेकेंडरी स्कूल
में हुई। स्कूल के हेड मास्टरों समेत ब्लाक स्तरीय शिक्षा अधिकारी
परीक्षा की शुचिता को लेकर भागदौड़ करते रहे।
शैक्षिक गुणवत्ता एवं
मूल्यांकन परीक्षा के प्रश्नपत्र को हल कराने के भी आरोप कुछ स्कूलों में
तैनात शिक्षकों पर लगे। बीएसए विनय कुमार ने बताया कि परीक्षा सकुशल
संपन्न हो गई है।
कहीं से अवरोध की बात सामने नहीं आई। बेहतर परिणाम वाले
विद्यार्थियों को गोद लेकर उनका सर्वांगीण विकास करेंगे।