बहुआ (फतेहपुर)। पिता को खेत में खाना देकर लौटते समय एक किशोरी अचानक लापता हो गई। परिजनों को रात में उसका शव दूसरे के खेत में पड़ा मिला। शरीर पर कोई चोट के निशान नहीं थे। सूचना पर पहुंची ललौली पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम में विसरा रखा गया है। जहरीले पदार्थ के सेवन से मौत की आशंका जताई जा रही है। युवती की शादी नवरात्र में तय हुई थी। मृतका पुलिस भर्ती की तैयारी भी कर रही थी।
ललौली थाना क्षेत्र के दतौली गांव निवासी हरिश्चंद्र सविता किसान हैं। उनकी बेटी अंतिमा देवी उर्फ पूतू (18) इंटर पास करने के बाद पुलिस भर्ती की बहुआ में कोचिंग करती थी। पिता ने बताया कि रविवार दोपहर लगभग एक बजे बेटी अंतिमा खाने का टिफिन लेकर खेत आई थी। खाना देने के बाद घर जाने को निकली लेकिन कई घंटे बीतने के बाद भी घर नहीं पहुंची। शाम हो जाने पर मां शिवदेवी ने बेटे अर्पित को खेत भेजा और परिवार के लोग खोजबीन में जुट गए। उन्हें देर शाम लगभग साढ़े सात बजे नलकूप से करीब सात सौ मीटर दूर मूलचंद्र विश्वकर्मा के खेत में महुआ के पेड़ के नीचे बेटी का शव मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मौके पर जांच की। शरीर पर चोट के निशान नहीं दिखे। घटनास्थल में किसी तरह का विरोध जैसा होने का आभास पुलिस को नहीं हुआ। रात लगभग नौ बजे शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। हरिश्चंद्र ने पुलिस को तहरीर दी।
पिता ने बताया कि एक माह पहले बेटी की शादी तय की थी। गर्मी के मौसम में बेटी की शादी करने की योजना बनी थी। बेटी पहले से मिर्गी रोग ग्रसित थी। उसे डेंगू भी हो चुका है। इलाज में काफी रुपया खर्च किया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कोई बात आई तो उसके आधार पर कार्रवाई करेंगे। घटना से मां शिवदेवी का हाल बेहाल है।
अंतिमा छह बहन -भाइयों में चौथे नंबर की थी। उससे बड़ी बहन मंजू देवी, अंजू देवी, भाई अंकित हैं। छोटे अर्पित और सविता हैं। वह बहुआ कस्बे के एक कोचिंग सेंटर में पुलिस भर्ती परीक्षा की तैयारी कर रही थी। दतौली से साइकिल से बहुआ कोचिंग पढ़ने आती-जाती थी। जनता इंटर कालेज दतौली से इंटर की पढ़ाई पूरी की थी। एसओ केशव वर्मा ने बताया कि डॉक्टर ने विसरा सुरक्षित किया है। जिससे जहरीले पदार्थ के सेवन से मौत स्पष्ट होती है। मामले की जांच की जा रही है।