फोटो-41-परिजनों को समझते थाना प्रभारी प्रमोद शुक्ला। संवाद
जाफरगंज। पोस्टमार्टम के बाद महिला प्रियंका का शव शुक्रवार शाम ससुराल पहुंचा तो मायके पक्ष के सैकड़ों लोग जुट गए। उन्होंने महाराष्ट्र से पति को बुलाने की मांग करते हुए अंतिम संस्कार रोक दिया। पुलिस के समझाने पर करीब एक घंटे बाद अंतिम संस्कार हो सका।
थाना क्षेत्र के रमदिनवापुर गांव में बृहस्पतिवार को विशंभर निषाद की पत्नी प्रियंका (21) का शव पंखे से साड़ी के फंदे पर लटकता मिला था। मायके पक्ष ने ससुरालियों पर हत्या कर शव फंदे पर लटकाने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया था। पुलिस ने किसी तरह शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा था।
शुक्रवार शाम करीब पांच बजे पोस्टमार्टम के बाद शव ससुराल पहुंचा तो मायके पक्ष ने पति विशंभर को बुलाने की मांग करते हुए कहा कि उसके आने के बाद ही अंतिम संस्कार किया जाएगा। विशंभर घटना से दो दिन पहले महाराष्ट्र गया था। इसको लेकर विवाद की स्थिति बन गई।
थाना प्रभारी प्रमोद शुक्ला पुलिस बल के साथ शव पहुंचने से एक घंटे पहले ही गांव में मौजूद थे। पुलिस ने काफी देर तक लोगों को समझाया। इसके बाद शाम छह बजे अंतिम संस्कार हो सका। प्रियंका को उसके ससुर रामविशाल ने अपने खेत में मुखाग्नि दी। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।