फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की पढ़ाई हुई महंगी

Tue, 05 Jul 2016 12:27 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, फतेहपुर
विज्ञापन
प्रतीकात्मक। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
माध्यमिक शिक्षा परिषद ने एक बार फिर बोर्ड परीक्षा एवं पंजीयन की संशोधित नीति जारी की है। नई नीति में बोर्ड परीक्षा शुल्क के साथ ही कक्षा नौ और 11 के पंजीयन शुल्क को भी बढ़ा दिया गया है। परिषद ने दो से ढाई गुना तक शुल्क बढ़ाकर हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की पढ़ाई महंगी कर दी है।
विज्ञापन


माध्यमिक शिक्षा सचिव ने डीआईओएस को नई व्यवस्था के तहत पंजीयन कराने के निर्देश दिए हैं। डीआईओएस नंदलाल यादव ने बताया कि नई नीति के तहत कक्षा नौ और 11 क ा पंजीयन शुल्क 20 रुपये से बढ़ाकर 50 रुपये कर दिया गया है।

पंजीयन शुल्क में 10 रुपये स्कूल के खाते में तथा 20-20 रुपये राजकीय कोष व सचिव माध्यमिक शिक्षा के खाते में जमा किया जाना है। हाईस्कूल संस्थागत का परीक्षा शुल्क 80 रुपये से बढ़ाकर 200 रुपये तथा व्यक्तिगत परीक्षार्थी का 100 रुपये से बढ़ाकर 300 रुपये कर दिया गया है।
विज्ञापन


इंटरमीडिएट परीक्षा का भी शुल्क बढ़ाया गया है। इसमें संस्थागत परीक्षा शुल्क 90 रुपये से बढ़ाकर 220 रुपये तथा व्यक्तिगत शुल्क 150 रुपये से बढ़ाकर 400 रुपये किया गया है। इंटरमीडिएट कृषि भाग एक संस्थागत परीक्षार्थी को 80 रुपये की बजाय 220 रुपये शुल्क जमा करना होगा, जबकि व्यक्तिगत परीक्षार्थी को 150 रुपये के स्थान पर 400 रुपये परीक्षा शुल्क अदा करना होगा। इंटरमीडिएट कृषि भाग दो का परीक्षा शुल्क भी भाग-एक की तरह लागू होगा।

संस्थागत परीक्षा के अंकपत्र की दूसरी प्रतिलिपि का शुल्क 20 रुपये से बढ़ाकर 100 रुपये किया गया है। परीक्षा वर्ष से पांच वर्ष तक प्रमाणपत्र प्राप्त करने का शुल्क 20 रुपये से बढ़कर 200 रुपये कर दिया गया है। डीआईओएस ने बताया कि कक्षा नौ और 11 में पंजीयन शुल्क में वृद्धि चालू सत्र 2016-17 से प्रभावी हो गई है। परीक्षा शुल्क वृद्धि भी 2017 में परीक्षा देने वाले बच्चों पर लागू होगी। सभी शासकीय, वित्तपोषित तथा वित्तविहीन माध्यमिक स्कूलों के प्रधानाचार्य बढ़ी दर पर ही शुल्क वसूली करके प्रक्रिया संपन्न कराएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें