हुसैनगंज। बेसिक शिक्षा विभाग से स्वैच्छिक सेवानिवृत लेने वाले दो शिक्षकों को ग्रेज्युटी का लाभ न देने पर उच्च न्यायालय ने बीएसए को कड़ी फटकार लगाई है। अदालत ने बेसिक शिक्षा विभाग को नौ प्रतिशत ब्याज के साथ ग्रेज्युटी की रकम का भुगतान करने का आदेश दिया है। याचिकर्ता जितेद्र सिंह सेंगर सहायक अध्यापक पूर्व माध्यमिक विद्यालय गौरा कला और मंजुला श्रीवास्तव कंपोजिट विद्यालय तालिबपुर ने 2020 में स्वैेच्छिक सेवानिवृत ली थी। जब इन शिक्षकों ने बेसिक शिक्षा विभाग से ग्रेचुयटी का लाभ मांगा, तो अधिकारियों ने हाथ खड़े कर दिए। इस पर शिक्षकों ने उच्च न्यायालय में अपील की थी। इस पर सरकारी वकील काफी दिन तक आपत्ति लगाते रहे, लेकिन याचिकाकर्ता के अधिवक्ता सुधीर राणा की तरफ से जोरदार पैरवी के आगे सरकारी अधिवक्ता के तर्क टिक नहीं सके। अदालत ने बेसिक शिक्षा विभाग को कड़ी फटकार लगाते हुए नौ प्रतिशत ब्याज के साथ ग्रेच्युटी की रकम देने का निर्देश दो माह के अंदर देने का आदेश दिया है।
फैसले की कॉपी मिलने पर शुक्रवार को बीआरसी हुसैनगंज में शिक्षकों ने एक दूसरे का मुंह मीठा कराया। मुकद्दमे की पैरवी प्राथमिक शिक्षक संघ भिटौरा के अध्यक्ष दिग्विजय सिंह चौहान तथा पूर्व सैनिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष फूल सिंह कछवाह ने की थी। इस मौके पर धर्मेंद्र प्रताप सिंह, सुरेश सिंह, जगदीश यादव, जितेंद्र सिंह, मंजुला श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद रहे।