उत्तर-पश्चिम दिशा से आ रही शीतलहर ने ठिठुरन बढ़ा दी है। शुक्रवार को न्यूनतम पारा छह डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पिछले पांच सालों में इस दिन कभी भी इतना पारा नीचे नहीं गिरा है। पांच साल का रिकार्ड टूट गया। हालांकि दिन की चटख धूप में गलन का अहसास बना रहा। लोग ठंड से बचने के लिए धूप सेंकते दिखाई दिए।
शीतलहर की वजह से आर्द्रता में भी गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को अधिकतम 42 और न्यूनतम 22 प्रतिशत आर्द्रता रही। वहीं अधिकतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। दिनभर शीतलहरी हवाएं चली। इससे ठिठुरन बढ़ी रही।
दिन में तो चटख धूप की वजह से लोगों को कुछ राहत रही, लेकिन सुबह-शाम ठंड का मिजाज बढ़ा रहा। मौसम विशेषज्ञ सचिन कुमार शुक्ला ने कहा कि शीतलहर की वजह से ठंड अभी और बढ़ने की संभावना है। आने वाले दिनों में आसमान साफ रहेगा। सुबह, शाम कोहरे की धुंध रहेगी।
पिछले पांच सालों का तापमान 18 दिसंबर का
वर्ष अधिकतम न्यूनतम
2016 27 11
2017 23 9
2018 23 9
2019 19 8
2020 19 6