हंसवा/फतेहपुर। नेशनल हाईवे स्थित आंबापुर के एक नर्सिंगहोम में बुधवार को इलाज कराने आए युवक की मौत हो गई। परिजनों ने गलत इलाज का आरोप लगाते हुए नर्स़िगहोम के बाहर हंगामा शुरू कर दिया। जानकारी पर पुलिस पहुंची और दोनों पक्षों से बातचीत कर मामला शांत कराया। इसके बाद परिजन शव लेकर चले गए। सीएमओ ने मामले की जांच कराने की बात कही है।
थरियांव थाना क्षेत्र के शिवपुर गांव के पृथ्वीपाल किसान के बेटे रामबरन (45) को बुधवार सुबह सीने में दर्द हुआ। परिजन इलाज के लिए आंबापुर के एक नर्सिंगहोम में ले गए। बताते हैं कि यहां रामबरन को कंपाउंडर ने इंजेक्शन लगाया। इंजेक्शन लगने के महज एक मिनट बाद हालत बिगड़ी और किसान की मौके पर ही मौत हो गई। किसान की सांस थमने से कंपाउंडर के हाथ पैर फूल गए और वह मौके से निकल भागा।
इसके बाद परिजनों ने हो हल्ला शुरू कर दिया। पत्नी राज कुमारी व भांजा मंगल सिंह ने संचालक पर गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगाया। उधर, सूचना मिलने पर शिवपुर से तमाम लोग नर्सिंगहोम आ धमके और कार्रवाई की मांग करने लगे। उधर, इस मामले में नर्सिंग होम के संचालक धर्मेंद्र मौर्या ने बताया कि उन्हें गलत फंसाया जा रहा है। वह नर्सिंगहोम में थे ही नहीं। जानकारी पर आए हैं। एसओ एके गौतम का कहना है कि हंगामे की जानकारी पर मौके पर गए थे। दोनो पक्षों के बीच समझौता करा दिया गया है। इसके बाद परिजन शव लेकर चले गए हैं।