गाजीपुर/शाह। पीएचसी के सामने एक मेडिकल स्टोर में संचालित होने वाले अवैध क्लीनिक में शुक्रवार रात गर्भपात के बाद महिला की हालत बिगड़ गई।
यह देख क्लीनिक संचालक ने महिला को शनिवार सुबह रेफर कर दिया। परिजन महिला को लेकर अस्पताल जा रहे थे लेकिन रास्ते में उसकी मौत हो गई।
घटना से उत्तेजित मृतका के परिजनों ने गलत इलाज का आरोप लगाते हुए मेडिकल स्टोर पहुंच कर हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
गाजीपुर चक काजीपुर निवासी रघुबीर ने बताया कि उसकी पत्नी कुसुमा देवी (40) गर्भवती हो गई थी।
शुक्रवार शाम अचानक उसके पेट के तकलीफ हुई, तो वह उसे गाजीपुर पीएचसी के सामने संचालित मेडिकल स्टोर में दिखाने पहुंचा।
जहां एक महिला काफी दिनों से क्लीनिक चलाती है। महिला ने पत्नी को भर्ती करके उसका गर्भपात कर दिया।
इसके बाद रात भर उसका इलाज किया लेकिन शनिवार सुबह पत्नी की हालत बिगड़ने पर उसे शहर लेकर जाने को कहा। वह पत्नी को लेकर क्लीनिक से कुछ दूर पहुंचा था कि पत्नी की मौत हो गई।
वह शव लेकर मेडिकल स्टोर पहुंचा। तो देखा कि वहां ताला बंद था। इस पर परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। मामले की जानकारी पर पहुंची पुलिस उन्हें समझा कर थाने ले आई।
जहां मृतका के पति ने मेडिकल स्टोर संचालक और क्लीनिक चलाने वाले महिला पर गलत इलाज का आरोप लगाते हुए पुलिस से शिकायत की।
पति की तहरीर पर पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। थानाध्यक्ष कमलेश पाल ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
रोते बिलखते परिजन- फोटो : FATEHPUR