चांदपुर थाना क्षेत्र में गोपालपुर धधौरा गांव में हुए सुमन हत्याकांड में बहनोई के बड़े भाई अवधेश को रविवार को पुलिस ने जेल भेजने की कार्रवाई की है। पुलिस ने खुलासा किया है कि सुमन की हत्या की वजह अवधेश से शादी कर सौतन बन जाना रहा। परिवार के लोगों को इसकी भनक लग गई थी। इस पर सुमन की हत्या कर दी गई। इस मामले में पुलिस ने दो हत्यारोपियों के नाम भी बढ़ाए हैं।
जहानाबाद थाना क्षेत्र में जगत प्रसाद अवस्थी की बेटी सुमन की शादी जाफरगंज थाने के सुल्तानगढ़ गांव में बल्लू के साथ हुई थी। बल्लू ने पत्नी से छेड़खानी के आरोप में अपने भाई कल्लू की ढाई साल पहले हत्या कर दी थी। बल्लू के जेल जाने के बाद सुमन अपने बहनोई राजेश निवासी गोपालपुर के घर रहने लगी थी।
वहां उसका चेहरा कूंचकर 19 मई को हत्या कर दी गई। पुलिस ने 20 मई की रात ग्रामीणों की सूचना पर लाश बरामद की थी। पुलिस ने बहनोई राजेश व उसके बड़े भाई अवधेश (हमीरपुर के चंदूपुर प्राथमिक विद्यालय में तैनात शिक्षक ) को नामजद किया था। एसओ राधेश्याम राव ने बताया कि हत्याकांड की जांच के दौरान सठिगवां चौराहे से अवधेश को रविवार की भोर पकड़ कर जेल भेजा गया है। हमीरपुर में सुबह अवधेश स्कूल में रहा।
इसके बाद घटना की शाम को वह गोपालपुर पहुंचा था। उसने घर का ताला खोला। घर के भीतर जाने के बाद ताला बंद कर लापता हो गया था। उसने पुलिस को हत्या की सूचना नहीं दी। जांच में सामने आए बाकी अभियुक्तों से उसकी मोबाइल पर बातचीत भी होती रही। उसे हत्या के बारे में पूरी कहानी मालूम हो गई थी। हत्याकांड की साजिश के आरोप में उसे जेल भेजा गया है।
हत्या में शिक्षक के भाई राजेश व भतीजे गोपाल उर्फ मनीष पुत्र सुदेश निवासी मौहारी जाफरगंज व उसकी पत्नी अर्चना त्रिवेदी शामिल रहे हैं। इन सभी को अभियुक्त बनाया गया है।
अर्चना को यह बात पता चल गई थी कि उसके पति से सुमन ने शादी कर ली है। इससे सुमन संपत्ति में हकदार हो गई थी। अर्चना का परिवार बर्बाद हो रहा था। इसी खुन्नस में अर्चना ने हत्याकांड की योजना बनाई। अर्चना ही राजेश व गोपाल के साथ सुमन की हत्या करने गई थी। इन लोगों को आते-जाते गांव के कई लोगों ने देखा था।
पुलिस ने मासूमों को बख्शा
हत्याकांड के दिन अर्चना के साथ भतीजा गोपाल व देवर राजेश के अलावा तीन बच्चे भी साथ थे। एसओ राधेश्याम राव ने बताया कि नाबालिग बच्चों का हत्या में कोई दोष नहीं हो सकता है। वह परिवार के सदस्यों के साथ चले गए हाेंगे। इसी वजह से उनके नाम प्रकाश में नहीं लाए गए हैं।
अमर उजाला ने हत्या की वजह की थी साफ
हत्याकांड का मामला सामने आने के बाद जहानाबाद थाने के चिल्ली गांव में रहने वालों के पास अमर उजाला टीम गई थी। वहां सुमन की शादी का अनुबंध पत्र अवधेश के साथ मिला था। उसमें ही सुमन की फाइल फोटो लगी थी। अमर उजाला ने 22 मई के अंक में खबर प्रकाशित कर हत्या की वजह लगभग साफ कर दी थी।