बकेवर थाना क्षेत्र में दुबेपुर मोड़ के पास शुक्रवार
सुबह बोलेरो सवार बदमाशों ने सर्राफ आशुतोष की गोली मारकर हत्या कर दी।
कार में साथ बैठे चाचा रमाकांत को भी तमंचे की बट से पीटा। इसके बाद दो बैग
लेकर भाग निकले। बैग में 35 हजार रुपये, 15 किलो चांदी व चार सौ ग्राम
सोना व मोबाइल था। कीमत करीब 15 लाख रुपये बताई जा रही है। उधर, वारदात से
गुस्साए परिजनों, इलाकाई लोगों ने थाना घेर कर नारेबाजी की। एसपी राजीव
मेहरोत्रा ने लोगों को समझाया, भरोसा दिया कि टीमें बनाकर काम शुरू कर दिया
गया है। जल्द ही पर्दाफाश कर दिया जाएगा।
आशुतोष उर्फ लालू(26)
जहानाबाद कस्बे के ठकुरन गली निवासी सर्राफ एवं बर्तन व्यवसायी शशिकांत
शुक्ला के बेटे थे। इन्होंने देवमई कस्बे में छह साल पहले अपने चाचा
रमाकांत उर्फ श्यामजी के साझे में सर्राफा की दुकान खोली थी।
शुक्रवार सुबह
नौ बजे वह चाचा के साथ अपनी कार से दुकान जा रहे थे। थाने से तीन किमी दूर
बकेवर मुसाफा मार्ग पर दुबेपुर मोड़ के पास एक सफेद रंग की बोलेरो में
सवार पांच बदमाशों ने ओवरटेक कर रोका।
बदमाशों ने अपनी बोलेरो आशुतोष के
कार के सामने तिरछी लगा दी। कार से उतरते ही आशुतोष पर ताबड़तोड़ फायरिंग
कर उन्हें मौत के घाट उतार दिया गया। चिल्लाने व विरोध करने पर बदमाशों ने
चाचा को भी तमंचे की बट से पीटा।
इसके बाद बदमाश दोनों बैग लेकर भाग निकले।
रास्ते से गुजर रहे एक होमगार्ड ने पुलिस को सूचना दी। दिनदहाड़े लूटकांड
से गांव और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
सैकड़ों ग्रामीणों ने पुलिस पर
निष्क्रिय होने का आरोप लगाकर थाना घेरा और नारेबाजी करने लगे। एसपी ने
पहुंचकर सभी को समझाया। इधर, एसएचओ ने मृतक के चाचा की तहरीर पर एफआईआर
दर्ज कर तफ्तीश शुरू कर दी है।