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छात्र की मौत पर हंगामा, नहीं उठने दिया शव

Sun, 03 Apr 2016 12:57 AM IST
ब्यूरो अमर उजाला, फतेहपुर
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महिला आरोपी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर लगी भीड़ - फोटो : अमर उजाला
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हथगाम थाना क्षेत्र के प्रयागदासपुर गांव में छेड़खानी के आरोप में बंधक बनाकर पीटे गए दिनेश (19) की शुक्रवार रात कानपुर ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। परिजनों ने फरार महिला आरोपी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर अंतिम संस्कार करने से इंकार कर दिया। पुलिस प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए। तनाव के मद्देनजर आरोपियों के घर की सुरक्षा में पीएसी और पुलिस बल तैनात रहा। कई घंटे शव नहीं उठने दिया गया। आरोपी दंपति और उसके दो बेटों के खिलाफ हत्या, बलवा, हरिजन एक्ट की रिपोर्ट दर्ज कर तीन आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए हैं।
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बता दें श्रीराम पासवान का बेटा दिनेश शुक्रवार को पड़ोसी नरेंद्र यादव के घर गया था। नरेंद्र ने बेटी से छेड़खानी की जानकारी पर परिजनों के साथ मिलकर दिनेश को बंधक बना लिया था। इसके बाद दिनेश को बेरहमी से पीटने के बाद मरणासन्न हालत में छोड़कर भाग गए थे। दिनेश की देर रात कानपुर ले जाते समय मौत हो गई।

पुलिस पीएसी की मौजूदगी में रविवार को शव का पोस्टमार्टम कराया गया। गांव में शाम को शव पहुंचा तो हंगामा शुरू हो गया। सैकड़ों की तादाद में ग्रामीण इकट्ठा हो गए। परिजनों ने नरेंद्र यादव की फरार पत्नी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर शव का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। ग्रामीणों ने हंगामा शुरू कर दिया।
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कुछ ग्रामीण आरोपी की घर की तरफ भागे। पुलिस और पीएसी के जवान दौड़कर आरोपियों के घर पहुंचे। तभी खागा विधायक कृष्णा पासवान, हुसैनगंज विधायक मोहम्मद आसिफ, भाजपा पूर्व जिलाध्यक्ष रणवेंद्र प्रताप सिंह उर्फ धुन्नी सिंह भी पहुंचे। नेताओं के समझाने बुझाने पर परिजन शांत हुए।

एसओ संजय सिंह ने महिला आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर कुछ घंटे की मोहलत मांगी। करीब दो घंटे के हंगामे के बाद शव को पुलिस सुरक्षा में अंतिम संस्कार के लिए ले जाया गया। घटना में आरोपी नरेंद्र यादव और उसके बेटों अरविंद व योगेंद्र को गिरफ्तार कर लिया है।  एसओ संजय सिंह के मुताबिक दिनेश की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में करीब एक दर्जन चोटें निकली हैं। धारदार हथियार व लाठी-डंडे की चोट के गहरे निशान हैं। परिजनों की मांग पर पुलिस ने पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी भी कराई है।
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