मकर संक्रांति के जुलूस में बवाल के बाद चौथे दिन भी
जहानाबाद में दहशत छाई है। जिला प्रशासन के बाद इलाके केकद्दावर लोगों की
अपीलें भी बेअसर रहीं। कुछ लोगों ने दबाव मेेें दुकानें खोलने के बाद फिर
शटर गिरा दिए और घरों में दुबक गए। सोमवार को भाजपा के फायर ब्रांड नेता
विनय कटियार व पूर्व आईपीएस राजेश राय व पूर्व आईएएस उमानाथ के आने की खबर
से एक बार फिर सरगर्मी बढ़ गई है।
जहानाबाद में दहशत का माहौल है। तीन
दिन से पुलिस प्रशासन की कोशिशों के बावजूद न तो हालात सामान्य हुए हैं और न
माहौल में सद्भाव दिखाई दे रहा है। इस बीच भाईचारे का संदेश देकर दहशत
दूर करने की इलाके के असरदार लोगों की कोशिशें रविवार को सिरे नहीं चढ़
सकीं ।
एसडीएम बिंदकी जेएन सचान, एसडीएम खागा बलराम सिंह, सीओ आरके वर्मा,
थानाध्यक्ष पीके सिंह व संभ्रांत नागरिकों भोला उत्तम, डा. असलम अंसारी,
डा. मोहम्मद खालिक, भाजपा नेता इंद्रपाल गुप्ता, राजेंद्र निगम, पूर्व
चेयरमैन हाफिज अनवारुल हक, जौली गिडियन दत्ता और अयाज मास्टर सड़कों पर
उतरे ।
पुलिस अफसरों के साथ सभी लोग कस्बे के लालूगंज चौराहा, रोडवेज बस
स्टैंड, औरंगाबाद चौक सहित जीटी रोड पर घूमे। इन लोगों ने दुकानदारों को
शांति और सुरक्षा का आश्वासन देकर दुकानें खोलने की अपील की। लालू, डब्बू,
कमल जैन, रज्जन, बाबा स्वीट, राजू गुप्ता, अरशद व बब्बू ने दुकानें खोली।
बसपा नेता अनवारुल हक ने अपनी मार्केट की दुकानें खुलवाईं। सपा जिलाध्यक्ष
सुरेंद्र यादव इस दौरान साथ रहे। पूर्व विधायक आदित्य पांडेय ने भी लोगों
से दुकानें खोलने की अपील की। चौक में एक, बाकरगंज में चार, लालूगंज में दो
और बस अड्डे में खुलवाई गई आधा दर्जन दुकानें नेताओं के जाते ही फिर बंद
हो गईं।
उधर पीएसी और आरएएफ के जवान कस्बे के मोहल्लों मेें गश्त करते रहे ।
डीएम और एसपी की कोशिशों के बावजूद रविवार रात तक कस्बे में हालात सामान्य
नहीं हो सके। हालांकि पुलिस और प्रशासनिक अफसर कस्बे मेें डेरा डाले हुए
हैं।
भाजपा नेता व पूर्व विधायक आदित्य पांडेय ने बताया विनय कटियार के
नेतृत्व में पार्टी का प्रतिनिधिमंडल सोमवार को हालात का जायजा लेने
जहानाबाद आ रहा है।