पसगवां थाना क्षेत्र के एक गांव में 12 वर्षीय किशोरी के साथ गैंगरेप का मामला सामने आया है, जिसमें दो युवकों ने रेप की वारदात को अंजाम दिया। मामले में पीड़िता के पिता ने थाना पुलिस को रेप की सूचना दी, लेकिन पुलिस ने मामले को छेड़छाड़ में दर्ज कर मामले को दबाने का प्रयास किया और पीड़िता के बयान के आधार पर उसका मेडिकल परीक्षण भी नहीं कराया गया। पुलिस ने एक आरोपी को हिरासत में लिया है।
थाना क्षेत्र के एक गांव की किशोरी 15 जनवरी को करीब चार बजे शाम शौच के लिए खेत पर गई थी। वहां उसके साथ गांव के एक युवक और उसके एक रिश्तेदार युवक ने मिलकर गैंगरेप किया। इसके बाद घर लौटने पर पीड़िता ने घर वालों को मामले की जानकारी दी। इस पर घर वाले पसगवां थाने में शिकायत लेकर पहुुंचे, तो आरोप है कि पहले दिन पुलिस ने टरका दिया। इसके बाद अगले दिन 16 जनवरी को पुलिस ने रेप के मामले को दबाते हुए बीनू और शाहजहांपुर निवासी दिनेश कुमार के खिलाफ छेड़छाड़ और पाक्सो एक्ट में दर्ज कर लिया। पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल परीक्षण भी नहीं कराया है।
इस बावत एसओ अनिल शाही का कहना है कि मामला प्रधानी चुनाव की रंजिश से जुड़ा हुआ है। प्रारंभिक जांच के बाद रेप का आरोप निराधार पाया गया, बल्कि मामला छेड़छाड़ का पाया गया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की गई है और एक आरोपी को हिरासत में लिया गया है। यदि पीड़िता के परिवार वाले मेडिकल कराना चाहते है, तो उसे मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा जाएगा।