अल्लीपुर(फतेहपुर)। मानसिक तनाव में एक किसान ने शनिवार दोपहर ट्रेन से कटकर आत्महत्या कर ली। परिवार के लोग घटना को हादसा मान रहे हैं। करीब छह माह पहले फैक्ट्री बंद होने के बाद से वह बेरोजगार था। कुछ दिनों से मानसिक तनाव में था।
बिंदकी कोतवाली क्षेत्र के डीघ गांव निवासी रामकिशोर मिश्रा का बेटा परशुराम मिश्रा (45) घर से ससुराल अल्लीपुर गांव बेटी गुड़िया को लिवाने को निकले थे। मलवां थाना क्षेत्र के चक्की नाका पुल के नीचे पहुंचे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक कालका अप लाइन में आ रही थी, तभी साइकिल रेलवे लाइन के पास छोड़कर ट्रैक पर
चले गए। ट्रेन से कटकर आत्महत्या कर ली। घटना की सूचना पर पुलिस पहुंची। पुलिस को जेब से आधार कार्ड मिला। पुलिस ने ग्रामीणों के माध्यम से परिवार को सूचना दी। पिता रामकिशोर और परिजन थाने पहुंचे। रामकिशोर ने बताया कि बेटा सौंरा स्थित एक फैक्ट्री में काम करता था। करीब छह माह पहले फैक्ट्री बंद हो गई। कोई दूसरा
काम न होने के कारण मानसिक तनाव में रहने लगा था। मानसिक हालत ठीक न होने के कारण ट्रेन की चपेट में आया है। अल्लीपुर गांव में रामलखन पांडेय के घर में ससुराल है। पौत्री गुड़िया को घर ले जाने के लिए आ रहा था। घटना से पत्नी पत्नी अराधना मिश्रा, शिवम और गुड़िया का हाल बेहाल हो गया। एसओ नरेंद्र सिंह ने बताया कि परिजनों की तहरीर पर शव का पोस्टमार्टम कराने की कार्रवाई की गई है।
फैक्ट्री कर्मी ने ट्रेन कटकर दी जान
- अप लाइन में कालका एक्सप्रेस से कटा
युवक ने फांसी लगाकर दी जान
- कमरे में रस्सी के फंदे से शव लटकता मिला
फतेहपुर। घरेलू विवाद के चलते शुक्रवार रात शराब के नशे में एक युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सुबह परिजनों को पता चला। पुलिस ने मौके की छानबीन के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया है।
हुसैनगंज थाना क्षेत्र के फरीदपुर गांव निवासी रघुराज सिंह का बेटा नरसिंह (40) मजदूरी करता था। शराब के नशे में रात को घर पहुंचा। नशे में घर आने को लेकर परिजनों से विवाद होने लगा। विवाद के बाद वह कमरे में जाकर सो गया था। परिवार के लोग बाहर सो रहे थे। कमरे से शनिवार सुबह बाहर न आने पर परिजनों ने दरवाजा खोला। छत की धन्नी में रस्सी के फंदे से नरसिंह का शव लटका देख सभी सन्न रह गए। 100 नंबर की सूचना पर पुलिस पहुंची। पुलिस ने शव को नीचे उतारा। थानेदार राकेश जयसवाल ने बताया कि कई सालों से नरसिंह को शराब की लत लग गई थी। घरवाले शराब पीने का विरोध करते थे। इसी के चलते उसने जान दे दी।