अमर उजाला ब्यूरो
फतेहपुर। तीन साल पहले एसओ पर फायरिंग करने के आरोपी शहरयार ने सोमवार को पुलिस टीम को देखते ही फिर फायर झोंक दिया। फायर मिस हो जाने से पुलिसकर्मी बाल-बाल बच गए।
वह दोबारा फायरिंग करने के लिए तमंचा लोड करने लगा, तभी एक सिपाही ने दबोच लिया। उसे इस बार असलहा फैक्ट्री के साथ पकड़ा गया है। यह इलाके में घुड़सवार बदमाश के रूप में कुख्यात है।
खखरेरू पुलिस को शहरयार के अवैध असलहे बनाने की सूचना मिली थी। थाना प्रभारी राकेश कुमार सिंह फोर्स के साथ उसको दबोचने शिवपुरी पहुंचे। वह घर के पीछे के हिस्से में अवैध असलहा बना रहा था। पुलिस को देखते ही उसने तमंचे से फायर किया।
फ ायर मिस होने पर सिपाही रामनिवास ने उसको दबोच लिया। थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी से फायर करने वाला एक तमंचा और घर के पीछे से एक अर्धनिर्मित तमंचा, भट्ठी, तमंचे की नाल, ट्रिगर, फुंकनी, रेती समेत कई असलहा बनाने के उपकरण बरामद हुए हैं। आरोपी के खिलाफ हत्या के प्रयास व आर्म्स एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई।
घुड़सवार बदमाश के रूप में शहरयार तीन साल पहले चर्चा में आया था। उसने घोड़े पर बैठकर 2014 में धाता के एक युवक को लूटा था। एफआईआर के बाद तत्कालीन थानेदार मनीष पांडेय उसको पकड़ने गए थे।
वह एसओ पर फायर झोंककर भाग गया था। दोबारा रंगदारी वसूलने की भनक पर फिर पुलिस पहुंची थी, लेकिन वह भाग निकला था। इसके बाद से क्षेत्र में भय और आतंक व्याप्त हो गया था। तब पुलिस ने गुंडा एक्ट की कार्रवाई की थी। एक हफ्ते पहले उसने दलित युवक को पीटा था। इसके बाद से पुलिस उसकी तलाश कर रही थी।
3- पुलिस की गिरफ्त में शहरयार।
हत्थे चढ़ा कुख्यात घुड़सवार
पुलिस को देखते ही झोंक देता है फायर
पुलिस टीम पर फिर किया फायर, हुआ मिस