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बरपा कहर, ठंड की चपेट में पांच लोगों की मौत

Sun, 11 Jan 2015 12:24 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फतेहपुर
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बर्फीली हवाओं से बढ़ती गलन जानलेवा साबित हो रही है। जिले के अलग-अलग थानाक्षेत्रों में चौबीस घंटे के भीतर ठंड की चपेट में आकर महिला समेत पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि एक छात्रा की हालत गंभीर है। तीन मौतें अकेले थरियांव ब्लाक में हुई। अब तक जिले भर में ठंड से दो दर्जन से ज्यादा मौतें हो चुकी हैं।
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उधर, कड़ाके की सर्दी से वृद्ध और बच्चों का सबसे ज्यादा बुरा हाल है। समाजसेवियों व प्रशासन की ओर से जारी राहत कार्य नाकाफी साबित हो रहे हैं।
असोथर ब्लाक क्षेत्र के कं धिया और प्रतापनगर में मौतों से परिजनों में कोहराम मच गया। कस्बे के प्रतापनगर झाल चौराहा मोहल्ला निवासी चंद्ररानी (60) पत्नी सरजू प्रसाद की अचानक शुक्रवार शाम से हालत बिगड़ गई थी।

परिजन गांव में ही इलाज करा रहे थे। वृद्धा की शनिवार दोपहर को अचानक मौत हो गई। इसी क्रम में कंधिया गांव निवासी अधेड़ फुद्दी और सुदामा की मौतें हुई है।

सुबह से अचानक पेट दर्द, बुखार और उल्टी से पीड़ित हो  थे। जोनिहां में शौच क्रिया के लिए जा रहे 50 वर्षीय राजेश उर्फ राकेश गुप्ता की मौत हो गई।

मृतक के भाई रामू गुप्ता ने बताया कि ठंड लगने से वह घर में अचानक ही गिर गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। इसी तरह खागा कोतवाली क्षेत्र के हरदों गांव निवासी एक 65 वर्षीय वृद्ध की मौत हो गई।
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वहीं मझिलगांव की एक 10 वर्षीय छात्रा सीएचसी हरदों में भर्ती है। इसी गांव के रामभरोसे को शुक्रवार रात में सोते समय ठंड लग गई। शनिवार को गंभीर हालत में परिजनों ने  सीएचसी हरदों में भर्ती करवाया, जिसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं मझिलगांव निवासी संगीता की पुत्री का शुक्रवार को स्कूल से वापस आते समय ठंड लग गई। रात भर देशी दवा की गई। हालत में सुधार न होने पर शनिवार को सीएचसी में भर्ती कराया गया है।

अलाव की लकड़ी उठा ले जा रहे
फतेहपुर। कड़ाके की ठंड से आम जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। सरकारी और निजी बसें खाली सड़कों पर दौड़ रही हैं। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड पहुंचने वाले यदाकदा यात्रियों का शीतलहर के हाल बेहाल है। खास बात तो यह है कि नगर पालिका परिषद के ठंड से बचाव के लिए किये जा रहे प्रयास बेमकशद साबित हो रहे हैं, क्योंकि शाम ढलने के बाद नगर पालिका परिषद अलाव में लकड़ी डा़लती है, लेकिन कर्मचारी आगे बढ़ते ही लोग लकड़ी उठा ले जा रहे हैं। ऐसी हालत में अलाव का लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है।  

मंत्री की फटकार पर जलवाए अलाव
बिंदकी। पूर्वमंत्री अमरजीत सिंह जनसेवक के नगर भ्रमण के दौरान अलाव न जलने की शिकायत पर गुरुवार को तहसीलदार बिंदकी को इस बात के लिए फटकार लगाई थी। इस पर प्रशासन ने जिन स्थानों पर कड़ाके की ठंड में लोग ठिठुर रहे थे, वहां पर अलाव की व्यवस्था कराई है। अलाव जलने से लोगों ने राहत की सांस ली है। पूर्वमंत्री अमरजीत सिंह जनसेवक नगर भ्रमण कर समस्याएं सुनी थीं। जनसेवक ने तहसीलदार बिंदकी दूधनाथ यादव को कडे़ लहजे में अलाव जलवाने के लिए कहा था। प्रशासन ने नगर के पैगंबरपुर, जहानपुर, पुरानी बिंदकी, मीरखपुर, केवटरा, छिपहटी आदि मोहल्लों में अलाव की व्यवस्था कराई है।
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