फतेहपुर। अपर सिविल जज कोर्ट संख्या तीन के न्यायाधीश सोनल साहू ने लोडर स्वामी के साथ 39 हजार रुपये की धोखाधड़ी के मामले में एजेंसी संचालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश सोमवार को दिया। अधिवक्ता अंजली मिश्रा ने बताया कि किस्त बैंक में जमा करने के बहाने रुपये लेकर धोखाधड़ी की गई।
ललौली थानाक्षेत्र के सर्वोदय नगर निवासी विवेक शुक्ला ने कोर्ट में बताया कि उन्होंने चार सितंबर 2024 को ओम इंटरप्राइजेज से 51 हजार 200 रुपये नकद देकर लोडर खरीदा था। इसके लिए फाइनेंस कंपनी में 7,950 रुपये की 17 किस्तें जमा करनी थीं।
उन्होंने 12 किस्तें बैंक खाते से जमा कर दीं। पांच किस्तों के रुपये कोतवाली क्षेत्र के गोपाल नगर स्थित ओम इंटरप्राइजेज के संचालक राममूरत गुप्ता को नकद दिए। आरोप है कि संचालक ने ये किस्तें लोन खाते में जमा नहीं कीं।
इसके बाद फाइनेंस कंपनी की ओर से किस्त जमा करने का दबाव बनाया जाने लगा। राममूरत गुप्ता बैंक मैनेजर के पास रुपये जमा कराने का झांसा देते रहे। शिकायत के बावजूद पुलिस ने कार्रवाई नहीं की तो पीड़ित ने कोर्ट की शरण ली। कोर्ट ने पुलिस को प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया है।