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Fatehpur News: 25 हजार के इनामी हिस्ट्रीशीटर को मुठभेड़ में गोली लगी

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फोटो-11-मुठभेड़ में पकड़ा गया इनामी अली रजा। स्रोत: पुलिस
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फतेहपुर। डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (डीएफसीसीआईएल) के गोदाम से कॉपर वायर चोरी के मामले में सात माह से फरार हिस्ट्रीशीटर व 25 हजार के इनामी को पुलिस ने बृहस्पतिवार को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया।
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हिस्ट्रीशीटर के बाएं पैर में गोली लगी है। इलाज के बाद उसे जेल भेज दिया गया है। गैंग के गुर्गे रेलवे लाइन व सिग्नल से भी चोरी की वारदातें करते थे। पुलिस ने आरोपी के पास से तमंचा, दो खोखा कारतूस 315 बोर, चोरी का कॉपर तार, बाइक, मोबाइल और 400 रुपये नकद बरामद किए हैं।
कल्यानपुर थाना क्षेत्र के सिकरोढ़ी के पास डीएफसीसीआईएल के गोदाम से सात नवंबर 2025 की रात चोरी हुई थी। जेई अमित कुमार की तहरीर पर चोरी की प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने इस मामले में पहले ही दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। गैंग का गुर्गा चौडगरा निवासी अली रजा फरार चल रहा था।
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अली रजा थाने का हिस्ट्रीशीटर है और उस पर एसपी द्वारा 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। बृहस्पतिवार रात पुलिस ने भाऊपुर मोड़ पर घेराबंदी की। यहां बाइक से आ रहे अली रजा को रोकने का प्रयास किया गया।
थानाध्यक्ष सुमित देव पांडेय ने बताया कि पुलिस देखकर उसने भागने की कोशिश में फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में बाएं पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया। पुलिस ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। मौके का निरीक्षण फॉरेंसिक टीम ने किया। पूछताछ में अली रजा ने साथी पिंटू सिंह चौहान, हरिओम शुक्ला और निर्भय सिंह के साथ रेलवे गोदाम व अन्य स्थानों पर चोरी की बात स्वीकार की।
गैंग के गुर्गे रेलवे लाइन से भी कॉपर तार चोरी करते हैं। पहले रेलवे सिग्नल और अन्य स्थानों की रेकी कर कॉपर अर्थिंग पट्टियों व तारों को काटकर चोरी की जाती है। वारदात के दौरान डीवीआर भी चुरा लिया जाता है ताकि सीसीटीवी रिकॉर्डिंग न मिले। एसपी अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि गैंग पर गैंगस्टर की कार्रवाई की जाएगी। फरार आरोपियों की तलाश जारी है।




गैंग का फरार सरगना पिंटू रेलवे में कार्यरत रहा
पुलिस के अनुसार गैंग का सरगना पिंटू सिंह चौहान पहले रेलवे में मेंटेनेंस का काम कर चुका है। इससे उसे रेलवे सिस्टम की तकनीकी जानकारी है। इसी जानकारी के आधार पर गैंग के गुर्गे वारदातों को अंजाम देते थे। चोरी किया गया कॉपर तार व अन्य सामान अलग-अलग स्थानों पर बेचा जाता था। ज्यादातर वारदातें जिले और कानपुर नगर क्षेत्र में की हैं। पुलिस पिंटू सिंह चौहान की तलाश में जुटी है।

इनामी पर कुल 24 मुकदमे दर्ज
आरोपी पर पहली प्राथमिकी वर्ष 2013 में वर्ष हुई थी। उसके खिलाफ औंग थाने में चोरी के चार, बिंदकी में गैंगस्टर समेत चार, कल्यानपुर थाने में चोरी व बलवा समेत 12 तथा कानपुर के चकेरी, नौबस्ता और नरवल थानों में चार मुकदमे दर्ज हैं।

फोटो-11-मुठभेड़ में पकड़ा गया इनामी अली रजा। स्रोत: पुलिस

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